अंकिता हत्याकांड-  हरिद्वार में एसआईटी ने उर्मिला से छह घंटे की पूछताछ, वकील ने कही ये बात

Spread the love

अंकिता भंडारी मामले में सोशल मीडिया पर ऑडियो वायरल करने पर बृहस्पतिवार को अभिनेत्री उर्मिला सनावर एसआईटी के सामने पेश हुईं। टीम ने करीब सवा छह घंटे तक उर्मिला से पूछताछ की। इससे पहले मीडिया के सामने उन्होंने अंकिता को न्याय दिलाने की बात कही।

बृहस्पतिवार की दोपहर उर्मिला सनावर एसआईटी टीम के साथ हरिद्वार पहुंचीं। करीब डेढ़ बजे यहां सेक्टर-4 स्थित सीआईयू कार्यालय में उर्मिला को पूछताछ के लिए ले जाया गया। एसआईटी प्रमुख एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह के अलावा एसपी देहात शेखर चंद्र सुयाल, सीओ लक्सर नताशा सिंह सहित पूरी टीम की मौजूदगी में उर्मिला से पूछताछ का सिलसिला शुरू हुआ और शाम करीब पौने सात बजे तक सवाल-जवाब किए गए। उर्मिला ने सवालों का जवाब देते हुए कुछ साक्ष्य भी टीम को दिए।

उर्मिला सनावर ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि प्रकरण की जांच में एसआईटी का सहयोग किया है। मेरे पास जो भी साक्ष्य थे, उन्हें टीम को सौंप दिया गया है। कुछ लोग मेरे बदलने की बात कह रहे हैं, ये बिल्कुल गलत है। अंकिता भंडारी पूरे देश की बेटी है, वह अंकिता को न्याय दिलाकर रहेंगी। जो सुबूत थे उन्हें छिपाकर रखना आवश्यक था।

उर्मिला ने कहा कि सुरेश राठौर और दुष्यंत गौतम पक्के दोस्त थे, उन्हीं को सब पता है। अफसरों ने निष्पक्ष जांच का भरोसा दिलाया है। वह शुक्रवार को अदालत में मोबाइल भी जमा कराएंगी। हालांकि पूछताछ के संबंध में पुलिस अधिकारियों ने आधिकारिक तौर पर कोई बयान नहीं दिया।

सबकुछ कानून के अनुसार ही होगा: वकील
उर्मिला के अधिवक्ता अंकुश कुमार ने मीडिया से बातचीत में बताया कि उर्मिला जांच में पूरी तरह से सहयोग कर रही हैं। उनके पास जो भी सबूत हैं, वे जांच का हिस्सा हैं। उर्मिला पर लगाए गए अधिकांश अपराध जमानत योग्य हैं और गिरफ्तारी नहीं की जा सकती। कानून सभी के लिए समान है, और सब कुछ कानून के अनुसार ही होगा। रानीपुर कोतवाली में उर्मिला के खिलाफ दर्ज मामले में एनबीडब्ल्यू जारी किया गया है, उसका निपटारा भी कानून के अनुसार किया जाएगा।
अलग-अलग थानों में दर्ज हैं चार प्राथमिकी
उर्मिला सनावर पर बहादराबाद और झबरेड़ा थाने में हाल ही में ऑडियो वायरल के मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इसके अलावा 2024 में ज्वालापुर कोतवाली में पूर्व विधायक सुरेश राठौर ने प्राथमिकी दर्ज कराई थी। रानीपुर में भी एक मामला दर्ज कराया गया था। हरिद्वार जनपद में कुल चार रिपोर्ट दर्ज थी जबकि देहरादून में एक मामला दर्ज है। जनपद में दर्ज मामलों के निस्तारण के लिए पुलिस कप्तान प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने एसआईटी का गठन किया था।

और पढ़े  देहरादून - दस नए स्टार्टअप आइडिया का चयन, प्रदेश सरकार देगी युवाओं को 2 लाख रुपये की पुरस्कार राशि

नौ दिन तक भूमिगत रहीं उर्मिला
उमिला सनावर प्राथमिकी दर्ज होने के बाद जब एसआईटी का गठन हुआ तो भूमिगत हो गई थीं। उनका एक वीडियो सोशल मीडिया पर रोते हुए सामने आया था, जिसमें उन्होंने पुलिस पीछे लगे होने की बात कही थी। करीब नौ दिन तक भूमिगत रहने के बाद वह मंगलवार की रात देहरादून पहुंच गई थी। बुधवार को वहां एसआईटी के सामने पेश होने के बाद बृहस्पतिवार को हरिद्वार पहुंचीं।


Spread the love
  • Related Posts

    हल्द्वानी / लालकुआं:- दंबग वन दरोगा ने फिर दिखाई दंबगई,गेट न खोलने पर हुआ था विवाद।

    Spread the love

    Spread the love       वन विभाग में तैनात दंबग वन दरोगा ने फिर दिखाई दंबगई “तराई पूर्वी वन प्रभाग हल्द्वानी में तैनात वन दरोगा की दबंगई” टांडा रेलवे…


    Spread the love

    उत्तराखंड- स्वाइन फ्लू का प्रकोप: संक्रमित 5 मरीजों की मौत, अलर्ट जारी, अब तक 49 लोगों में पुष्टि

    Spread the love

    Spread the loveउत्तराखंड में स्वाइन फ्लू के मामले स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा रहे हैं। संक्रमण से जूझ रहे पांच लोगों की मौत दर्ज की गई है। स्वास्थ्य विभाग के…


    Spread the love