Delhi: आतंकी उमर के साथी आमिर को 10 दिन की NIA कस्टडी में भेजा, इसी के नाम पर थी कार

 

दिल्ली में हुए एक बड़े आतंकी धमाके के मामले में गिरफ्तार किए गए आरोपी उमर के साथी आमिर को पटियाला हाउस कोर्ट ने 10 दिनों की राष्ट्रीय जांच एजेंसी की कस्टडी में भेज दिया है। यह फैसला एनआईए द्वारा अदालत में पेश की गई दलीलों और मामले की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। कड़ी सुरक्षा के बीच आमिर को कोर्ट में पेश किया गया। सुनवाई बंद कमरे में की गई। साथ ही सुनवाई के दौरान मीडिया को भी जाने की अनुमति नहीं दी गई। आरोपी को जिला जज अंजू बजाज चांदना की अदालत में पेश किया गया था।

 

एनआईए ने आतंकी उमर के दोस्त आमिर को किया था गिरफ्तार
दिल्ली के लाल किला क्षेत्र में हुए कार बम धमाके की जांच कर रही राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने उस कश्मीरी निवासी को गिरफ्तार कर लिया है, जिसने आत्मघाती हमलावर के साथ मिलकर इस आतंकी वारदात को अंजाम देने की साजिश रची थी। इस हमले में 13 निर्दोष लोगों की मौत हो गई थी, जबकि करीब 32 अन्य घायल हुए थे।

 

इसी के नाम थी i20 कार
एनआईए के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी अमीर रशीद अली उस कार का पंजीकृत मालिक है, जिसका इस्तेमाल आत्मघाती हमलावर द्वारा धमाके में किया गया था। प्रारंभिक जांच से सामने आया है कि आरोपी ने हमलावर के साथ मिलकर पूरी योजना तैयार की थी। एजेंसी ने दिल्ली पुलिस से केस अपने हाथ में लेने के बाद आरोपी की तलाश के लिए व्यापक अभियान शुरू किया था। कई राज्यों में खोज अभियान चलाने के बाद आखिरकार अमीर रशीद अली को दिल्ली से गिरफ्तार किया गया। 

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नहीं हुआ बिलाल अहमद का पोस्टमार्टम
लाल किला के पास हुए धमाके में मारे गए बिलाल अहमद संगू का रविवार को भी पोस्टमार्टम नहीं हो सका। जम्मू एवं कश्मीर के गांदरबल के रहने वाले बिलाल के परिजनों ने एसएसपी के जरिए दिल्ली पुलिस से संपर्क कर रविवार को दिल्ली पहुंचने की बात की थी। पुलिस सूत्रों का कहना है कि परिवार दिल्ली नहीं आया। इस वजह से बिलाल के शव का पोस्टमार्टम नहीं हुआ। बता दें कि सामान छोड़कर लाल किला लौट रहे जुगाड़ू ई-रिक्शा बिलाल की इलाज के दौरान बृहस्पतिवार को मौत हो गई थी।

डॉ. उमर का शव लेने नहीं पहुंचा परिवार
लाल किला के पास खुद को कार से उड़ाने वाले फिदायन आतंकी डॉ. उमर नबी के शव के कई टुकड़े मोर्चरी में रखे हैं। डीएनए से उसके शव की पहचान भी हो गई है लेकिन अब तक उसका शव लेने के लिए किसी ने दावा नहीं किया है। हालांकि सुरक्षा एजेंसियां उसके परिवार से लगातार पूछताछ कर रही हैं। माना जा रहा है कि घटना स्थल से करीब 150 मीटर गौरी शंकर मंदिर के पास शौचालय की छत से मिला एक हाथ भी उमर का हो सकता है। उसको भी शव के टुकड़ों के साथ रखा गया है।

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