उपमुख्यमंत्री के कड़े रूख के बाद व्यापारी से रिश्वत माँगने वाले दो सिपाहियों को जाँच के बाद सस्पेंड किया गया।
अल्लाह गंज क़स्बे के व्यापारी मोनू राठौर के बैंक ऑफ़ बड़ौदा अल्लाहगंज के खाते में 50 लाख रुपया अचानक आ गए। व्यापारी ने जब खाते को चेक किया तो रक़म उसके खाते से ट्रान्सफर हो चुकी थी। व्यापारी मोनू के खाते में आए 50 लाख रुपये की रक़म की जानकारी थाने में तैनात दो सिपाही धर्मेन्द्र कुमार व कांस्टेबल जावेद अली को लग गई। सिपाहियों ने व्यापारी मोनू राठौर फ़ोन करके 25 लाख रुपये देने की बात कही इसके साथ ही ऐसा न करने पर कार्रवाई करने की धमकी भी दी।
व्यापारी से दोनों सिपाहियों ने तीन बार फ़ोन करके अलग अलग रक़म की माँग की जिसके बाद व्यापारी मोहन राठौर ने फ़ोन की रिकॉर्डिंग के साथ उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक को मामले की पूरी जानकारी दी। उपमुख्यमंत्री के कड़े रुख़ के बाद पुलिस अधीक्षक शाहजहाँपुर राजेश द्विवेदी ने मामले की जाँच कराकर प्रथम दृष्ट्या दोषी मानते हुए सिपाही धर्मेन्द्र कुमार व सिपाही जावेद को सस्पेंड कर दिया। इस मामले में शिकायतकर्ता व्यापारी मोनू राठौर से ज़बरन रक़म वसूली को लेकर अपर जिलाधिकारी प्रशासन
रजनीश मिश्रा ने अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण को गहनता से जाँच करने के निर्देश दिए थे जिसमें बैंक मैनेजर की भूमिका
भी संदिग्ध बतायी जा रही है।
पुलिस अधीक्षक ने मीडिया को जानकारी देते हुए बुधवार को बताया व्यापारी मोनू राठौर से ज़बरन रक़म वसूलने के मामले में दो सिपाहियों को धर्मेंद्र कुमार व
जावेद अली को प्रथम दृष्टया दोषी मानते हुए सस्पेंड किया गया है। इस मामले में गहनता से जाँच की जा रही है








