कॉलेज पढ़ने गए एक ही बिरादरी के नाबालिग छात्र-छात्रा के शव बुधवार दोपहर गन्ने के खेत में पेड़ की एक ही शाखा से लटके मिले। छात्रा की सलवार पर खून के निशान मिलने से परिजनों ने हत्या की आशंका जताई। शव उतरवाने पहुंचीं पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए एसपी को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़ गए। करीब तीन-चार घंटे तक चले गतिरोध के बाद एएसपी के आश्वासन पर देर शाम परिजन ने शवों को उतरवाने दिया।
आठ महीने पहले हुए थे लापता
यूपी के लखीमपुर खीरी क्षेत्र के एक गांव निवासी ग्रामीण करीब आठ माह पूर्व संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए थे। उनका अब तक कोई सुराग नहीं लग सका है। मंगलवार को उनकी 16 वर्षीय बेटी औरंगाबाद स्थित एक कॉलेज पढ़ने गई थी। उसके देर शाम तक घर न लौटने पर परिजनों औरंगाबाद पुलिस को सूचना देने के साथ ही तलाश शुरू की।
पेड़ पर लटके मिले दोनों के शव
इसी दौरान गांव के एक अन्य सजातीय व्यक्ति का 17 वर्षीय बेटा भी, जो उसी कॉलेज में पढ़ता था, कॉलेज के बाद घर नहीं पहुंचा। इसके बाद दोनों की तलाश की जा रही थी। बुधवार दोपहर औरंगाबाद से मूड़ा बसही जाने वाले कच्चे रास्ते के किनारे गन्ने के खेत में पेड़ पर दोनों के शव लटके मिले। सैकड़ों ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए। दोनों के परिजन भी पहुंचे। सूचना पर एएसपी अमित कुमार राय, सीओ मितौली यादवेंद्र यादव, गोला समेत कई थानों की पुलिस, पीएसी और फॉरेंसिक टीम पहुंची। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य संकलित किए।






