गुजरात के बनासकांठा में शुक्रवार से डेयरी क्षेत्र लंबी छलांग लगाने जा रहा है। 127 एकड़ में फैले बोवाइन ब्रीडिंग एंड रिसर्च सेंटर का पीएम नरेंद्र मोदी उद्घाटन करेंगे। उन्होंने संस्थान की तस्वीरों के साथ अपनी शुभकामनाएं सोशल मीडिया पर साझा की हैं। उन्होंने कहा कि यह केंद्र इस बात का एक बेहतरीन उदाहरण है कि कैसे विज्ञान और नवाचार का मेल हमारे किसानों के कल्याण को लगातार आगे बढ़ा रहा है।
पीएम मोदी ने कहा, इससे डेयरी किसानों को प्रत्यक्ष रूप से कई बड़े व क्रांतिकारी लाभ मिलेंगे। यह केंद्र केवल आधुनिक तकनीक तक सीमित नहीं है, बल्कि यह ‘कांकरेज’ जैसी भारत की प्रसिद्ध स्वदेशी नस्लों के संरक्षण व संवर्धन में अहम भूमिका निभाएगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के बनासकांठा में भारत बोवाइन ब्रीडिंग एंड रिसर्च सेंटर (BBBRC) के कैटल फार्म का दौरा किया। इस दौरान गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और उपमुख्यमंत्री हर्ष सांघवी भी उनके साथ मौजूद रहे।
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पीएम-किसान) योजना की 24वीं किस्त जारी होने के अवसर पर राज्यस्तरीय ‘पीएम किसान उत्सव दिवस’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और बिजेंद्र प्रसाद यादव, विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार सहित कई गणमान्य लोग शामिल हुए। बता दें कि प्रधानमंत्री बनासकाठां से किसान सम्मान निधि जारी करेंगे।
देहरादून के हाथीबड़कला स्थित सर्वे ऑडिटोरियम में आयोजित ‘पीएम-किसान उत्सव दिवस’ कार्यक्रम में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने किसानों के हित में केंद्र और राज्य सरकार की ओर से संचालित योजनाओं पर जोर दिया। वहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज गुजरात से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) की अगली किस्त जारी करेंगे, जिसके तहत देशभर के पात्र किसानों के खातों में सम्मान निधि की राशि सीधे हस्तांतरित की जाएगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को गुजरात के बनासकांठा जिले के भिलड़ी में 325 करोड़ रुपये की लागत से बने भारत बोवाइन ब्रीडिंग एंड रिसर्च सेंटर (BBBRC) का उद्घाटन किया। 127 एकड़ में फैले इस केंद्र की स्थापना बनास डेयरी ने राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (NDDB) के तकनीकी मार्गदर्शन और केंद्र सरकार के राष्ट्रीय गोकुल मिशन के सहयोग से की है। इस दौरान मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और बनास डेयरी के अध्यक्ष एवं गुजरात विधानसभा के स्पीकर शंकर चौधरी भी मौजूद रहे। केंद्र में इन-विट्रो फर्टिलाइजेशन (IVF) और एम्ब्रियो ट्रांसफर जैसी आधुनिक तकनीकों के जरिए कांकरेज, गिर, साहीवाल और थारपारकर जैसी देसी गायों तथा मेहसाणा, बन्नी, जाफराबादी और मुर्रा जैसी भैंसों की नस्लों में सुधार किया जाएगा। यहां हर साल 25 हजार उच्च गुणवत्ता वाले भ्रूण तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है। साथ ही पशुपालकों को किफायती दरों पर बेहतर गुणवत्ता वाले सीमन, भ्रूण और प्रजनन संबंधी सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इस पहल से कम पशुओं के जरिए अधिक दूध उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा और पशुओं के रखरखाव पर बढ़ती लागत तथा चारे की कमी जैसी समस्याओं से निपटने में मदद मिलेगी। प्रधानमंत्री अपने दो दिवसीय गुजरात दौरे के दौरान बनास डेयरी की पांच अन्य प्रमुख विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास भी करेंगे।
गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने बनासकांठा में एक जनसभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे पर निशाना साधा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर खरगे की टिप्पणी पर पलटवार करते हुए संघवी ने कांग्रेस और उसके अध्यक्ष को जवाब दिया। उन्होंने कहा, “मैं कांग्रेस और उसके अध्यक्ष से कहना चाहता हूं कि मोदी कहीं नहीं जाएंगे।” संघवी के इस बयान को प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व और राजनीतिक भविष्य को लेकर कांग्रेस की आलोचना के जवाब के तौर पर देखा जा रहा है। जनसभा में उन्होंने स्पष्ट संदेश देने की कोशिश की कि प्रधानमंत्री मोदी देश की राजनीति में मजबूती से बने रहेंगे।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने दौरे के दौरान गुजरात में करीब 14 हजार करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इसके साथ ही पीएम-किसान सम्मान निधि की 24वीं किस्त जारी किया। वहीं, शनिवार को वह एकता नगर, केवड़िया में एकता परेड में शामिल होंगे और विभिन्न विकास परियोजनाओं की सौगात देंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बनासकांठा में आयोजित एक सार्वजनिक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि कृषि भारत की संस्कृति का अभिन्न हिस्सा है। उनकी सरकार ने खेती और पशुपालन को तकनीक से जोड़ने पर विशेष जोर दिया है। पीएम मोदी ने बताया कि आज तक किसानों को 26 करोड़ से अधिक सॉयल हेल्थ कार्ड उपलब्ध कराए जा चुके हैं, जिससे उन्हें मिट्टी की गुणवत्ता और पोषक तत्वों की जानकारी मिल रही है। उन्होंने कहा कि पशुपालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार है और इसमें महिलाओं, विशेषकर ग्रामीण बहनों की बड़ी भागीदारी है। प्रधानमंत्री ने बताया कि पिछले एक दशक में सरकार ने पशुपालन और डेयरी क्षेत्र में विज्ञान एवं तकनीक के इस्तेमाल को बढ़ावा देने पर विशेष ध्यान दिया है। उन्होंने कहा कि कृषि, पशुपालन और डेयरी क्षेत्र को आधुनिक तकनीक से मजबूत बनाना ग्रामीण अर्थव्यवस्था के विकास और किसानों की आय बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बनासकांठा में आयोजित एक सार्वजनिक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कृषि और पशुपालन क्षेत्र में तकनीक के बढ़ते इस्तेमाल पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि कृषि हमारी संस्कृति है और सरकार ने खेती के साथ-साथ पशुपालन को भी आधुनिक तकनीक से जोड़ा है। पीएम मोदी ने बताया कि देश में अब तक किसानों को 26 करोड़ से अधिक सॉयल हेल्थ कार्ड उपलब्ध कराए जा चुके हैं। इससे किसानों को मिट्टी की गुणवत्ता और उसकी जरूरतों के अनुसार खेती करने में मदद मिल रही है। उन्होंने कहा कि पशुपालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है और इसमें महिलाओं की बेहद अहम भूमिका है। प्रधानमंत्री ने बताया कि पिछले एक दशक में सरकार ने पशुपालन और डेयरी क्षेत्र में विज्ञान एवं तकनीक के इस्तेमाल को बढ़ावा देने पर विशेष ध्यान दिया है। उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों का आधुनिकीकरण ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने और किसानों की समृद्धि के लिए जरूरी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनसभा को संबोधत करते हुए कहा कि आज देश का हर युवा, बहन और बेटी भारत को विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं, लेकिन कुछ लोगों को यह पसंद नहीं है। कुछ लोग देश को मुश्किलों में देखकर खुश होते हैं और जब पूरा देश खाड़ी क्षेत्र में तनाव के कारण पैदा हुई अनिश्चितताओं का सामना कर रहा है, तब वे उर्वरक और गैस की कमी को लेकर अफवाहें फैलाते हैं। इन लोगों का उद्देश्य केवल मोदी को बदनाम करना था। खाड़ी क्षेत्र में तनाव अभी भी जारी है, लेकिन इसके बावजूद सरकार ने दुनिया भर में उर्वरकों की बढ़ती कीमतों का बोझ भारतीय किसानों पर नहीं पड़ने दिया।







