राज्य में स्थित ग्लेशियर झीलों से संभावित खतरे और लगातार हो रही बारिश के मद्देनजर आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास मंत्री मदन कौशिक ने सभी संबंधित विभागों को 24×7 अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने ग्लेशियर झीलों की निगरानी और जोखिम न्यूनीकरण के लिए विश्वभर में उपलब्ध अत्याधुनिक तकनीकों को अपनाने पर जोर दिया।
नदियों के जलस्तर पर 24 घंटे निगरानी
मंत्री ने नदियों के जलस्तर पर 24 घंटे निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए। नदी तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को लगातार जागरूक करने और खतरे की आशंका होने पर उन्हें समय रहते सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि डैम और बैराज से पानी छोड़े जाने की स्थिति में डाउनस्ट्रीम क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को पूर्व सूचना देकर सतर्क किया जाए। आवश्यकता पड़ने पर सीमावर्ती राज्यों को भी समय रहते अलर्ट किया जाए, ताकि संभावित जोखिम को न्यूनतम किया जा सके।
वैकल्पिक संचार व्यवस्था हर समय रहे तैयार
भारी वर्षा या भूस्खलन के कारण किसी क्षेत्र में संचार व्यवस्था बाधित होने की स्थिति में वैकल्पिक संचार प्रणाली तत्काल सक्रिय करने के निर्देश दिए गए। दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों में वैकल्पिक संचार व्यवस्था






