आज बिहार बंद है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए हंगामे के अगले दिन पटना में हुए भारी उपद्रव की कड़ी में वामपंथी छात्र संगठनों के बिहार बंद को पहले वामदलों ने, फिर पूरे महागठबंधन ने समर्थन दिया। तेज प्रताप भी साथ उतरे। प्रदर्शनकारी नारेबाजी करते हुए सड़क जाम कर रहे। पटना में तेज प्रताप यादव को इसी दौरान हिरासत में लिया गया।
पटना पुलिस के यातायात पोस्ट पर बम फेंका, प्रधान के इस्तीफे पर जश्न
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा कराना ‘बिहार बंद’ का बड़ा उद्देश्य था। दोपहर बाद करीब तीन बजे तक प्रदर्शनकारियों के बीच धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की खबर वायरल हो गई। इसके बाद प्रदर्शन की गति कम गई और प्रदर्शनकारियों ने जगह-जगह अपनी जीत का जश्न भी मनाया। हालांकि इसी आसपास पटना के गांधी मैदान के पास उपद्रवियों ने पुलिस की गाड़ी पलट दी और यातायात पुलिस पोस्ट पर बम से हमला किया।
भागलपुर में प्रदर्शनकारियों के तिलकामांझी पहुंचते ही माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कुछ प्रदर्शनकारियों ने पुलिस वाहनों और वज्र वाहन (दंगा नियंत्रण वाहन) पर पथराव कर दिया। इस घटना में पुलिस की दो से तीन गाड़ियों को आंशिक क्षति पहुंचने की जानकारी सामने आई है। इलाके में पत्थरबाजी में कई के घायल होने की सूचना है।
पटना में जमकर लाठीचार्ज, समूहों में दिखे प्रदर्शनकारी
राजधानी पटना में गांधी मैदान से डाक बंगला चौराहे के बीच फिर हंगामा हुआ। पहले तो कुछ घंटे प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच लुकाछिपी के बीच तनाव का माहौल बना रहा। पुलिस खदेड़ती रही और समूहों में भीड़ अलग-अलग तरफ भागती रही। फिर जब भीड़ ने ताकत दिखाने के लिए रोड़ेबाजी करते हुए पुलिस को निशाना बनाया तो स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने बैरिकेडिंग गिराने वाले प्रदर्शनकारियों पर जमकर लाठियां बरसाईं। दोनों तरफ घायल हुए हैं। कई पुलिसकर्मी भी घायल हैं। कई प्रदर्शनकारियों को पीटने के बाद हिरासत में लिया गया।








