मेरठ के हस्तिनापुर कस्बे में हुई स्कूल संचालक व भाजपा युवा मोर्चा के मंडल महामंत्री अतुल की सनसनीखेज हत्या ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। शुक्रवार को हुए इस हत्याकांड में अतुल की पत्नी दामिनी और उसके प्रेमी स्कूल वैन ड्राइवर तुषार की मिलीभगत ने हर किसी को सन्न कर दिया है।
पुलिस की शुरुआती जांच में जो तथ्य सामने आए हैं, उन्होंने इस हत्याकांड को और भी जटिल बना दिया है। वारदात के बाद से पुलिस की टीमें लगातार सबूत जुटाने में लगी हैं। पुलिस जल्द ही अदालत में अर्जी देकर दामिनी, तुषार, उदय और सोनू को रिमांड पर लेने की तैयारी में है। रिमांड के दौरान मिलने वाले जवाबों से ही उन छिपे हुए पहलुओं का खुलासा हो सकेगा, जो अभी तक पुलिस के लिए पहेली बने हुए हैं।
पुलिस ने मामले में दामिनी, तुषार और उन्हें जहरीला कॉमन करैत सांप उपलब्ध कराने वाले उदय व सोनू को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। लेकिन यह मामला अब भी कई अनसुलझे सवालों के घेरे में है।
जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी उदय और सोनू पेशेवर सपेरे नहीं हैं। ऐसे में सवाल यह उठता है कि उन्हें इतना घातक और जहरीला सांप आखिर कहां से मिला और इसकी तस्करी का नेटवर्क क्या है।
इसके अलावा, पुलिस उन नशीली दवाइयों के स्रोत का भी पता लगा रही है, जिनका इस्तेमाल घटना से पहले किया गया था। इन कड़ियों को जोड़ना एक बड़ी चुनौती है, जिसके लिए आरोपियों से गहन पूछताछ अनिवार्य है। पुलिस को उम्मीद है कि आरोपियों से आमने-सामने पूछताछ में साजिश की पूरी परतें खुल जाएंगी।
सीओ पंकज लवानिया ने बताया कि पुलिस हर बिंदू पर जांच पड़ताल कर रही है। इसके जो भी शामिल पाया जाएगा उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
डिलीट की गई व्हाट्सएप चैट खोलेगी साजिश के गहरे राज
अतुल की हत्या आवेश में उठाया गया कदम नहीं था, बल्कि यह करीब तीन महीनों की खौफनाक और सोची-समझी साजिश का नतीजा था। पत्नी दामिनी और उसके वैन ड्राइवर प्रेमी तुषार ने पुलिस की आंखों में धूल झोंकने के लिए परफेक्ट मर्डर की जो स्क्रिप्ट लिखी, उसके तार अब मोबाइल के डार्क सीक्रेट्स और वन्यजीव तस्करी के बड़े नेक्सस से जुड़ते दिख रहे हैं।
पुलिस अब आरोपियों के डिजिटल फुटप्रिंट को इस केस का सबसे बड़ा हथियार बनाने की तैयारी कर रही है। पुलिस जांच में सामने आया है कि हत्या को सांप के काटना का रूप देने का विचार अचानक नहीं आया था।
आरोपियों ने इस खौफनाक तरीके को अंजाम देने से पहले इंटरनेट पर बिना सबूत छोड़े हत्या की जानकारी की थीं। पुलिस अब दामिनी और तुषार की इंटरनेट सर्च हिस्ट्री खंगाल रही है, ताकि यह साबित किया जा सके कि हत्या पूरी तरह से योजना बना कर की गई थी।
अब पुलिस दोनों के मोबाइल फोन कब्जे में लेकर साइबर सेल की मदद से डिलीट की गई चैट्स और कॉल रिकॉर्डिंग को रिकवर करने का प्रयास कर रही है।
एसपी देहात अभिजीत कुमार ने बताया कि पुलिस हत्याकांड की तह तक जांच पड़ताल कर रही है। डिजिटल साक्ष्य भी जुटाए जा रहे है।
यह है पूरा मामला
यूपी के मेरठ जिले के हस्तिनापुर थाना इलाके के जे ब्लॉक कॉलोनी में पत्नी दामिनी ने प्रेमी बस चालक तुषार के साथ मिलकर स्कूल संचालक अपने पति अतुल कुमार पंवार (32) की हत्या कर दी। आरोपियों ने पहले अतुल को दूध में नींद की गोलियां खिलाई और फिर सोते समय सांप से डसवाकर उनकी जान ले ली। दामिनी, प्रेमी तुषार, दो अन्य आरोपी सोनू और उदय कुमार को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
पुलिस जांच में सामने आया कि हत्या को अंजाम देने के लिए तुषार ने अपने दोस्तों की मदद ली। दोनों आरोपी हस्तिनापुर निवासी हैं। मृतक अतुल कुमार मूल रूप से बहसूमा थाना क्षेत्र के गांव भंडोरा के रहने वाले थे। जबकी उनकी पत्नी दामिनी भड़ाना जे ब्लॉक की ही रहने वाली थी। दोनों का 2019 में प्रेम विवाह हुआ था। पिछले चार माह से दोनों छह वर्षीय बेटे मानिक के साथ जे ब्लॉक कॉलोनी में ही किराये के मकान में रहते थे।
तीन महीने पहले दोनों ने कस्बे में कृष्णा किड्स प्ले स्कूल शुरू किया था। शुक्रवार सुबह अतुल अपने कमरे में मृत मिले। पत्नी दामिनी ने लोगों को बताया कि अतुल को सांप ने डस लिया है। अतुल के बिस्तर पर एक सांप भी मिला, जिसे मौके पर मौजूद लोगों ने मार डाला।
अतुल के हाथ और पैर पर सांप के डसने के निशान भी थे। शुरुआत में मामला सामान्य सर्पदंश जैसा प्रतीत हुआ। पुलिस अधीक्षक देहात अभिजीत कुमार ने मौके पर पहुंचकर घटना की जानकारी ली। मृतक के पिता अजब सिंह ने आरोप लगाया कि उनकी बहू दामिनी ने ही उनके बेटे की हत्या की है।
सांप को वहीं छोड़ दिया
एसएसपी अविनाश पांडेय ने बताया है कि परिजनों के आरोपों पर पुलिस ने जांच की तो पता चला कि अतुल के स्कूल में तीन माह से ही बस चालक के तौर पर कोहला, मवाना निवासी तुषार काम करता था। अतुल की पत्नी दामिनी का तुषार के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा था।
इसी के चलते अतुल को रास्ते से हटाने के लिए दोनों ने मिलकर उनकी हत्या की साजिश रची। दोनों की मंशा अतुल के बीमे के 20 लाख रुपये हड़पने की भी थी। इसमें से पांच लाख रुपये दोस्तों को देने थे।
साजिश के तहत सबसे पहले तुषार ने बाजार से नींद की गोलियां खरीदी और दामिनी को दीं। दामिनी ने यह गोलियां खाने में मिलाकर अतुल को खिला दी। रात करीब दो बजे जब अतुल गहरी नींद में सो गए तब तुषार ने उदय को वहां बुलाया और सांप से अतुल के हाथ-पैर पर डसवा दिया।
इसके बाद सांप को जानबूझकर बिस्तर पर ही छोड़ दिया गया, ताकि यह प्राकृतिक सर्पदंश जैसा प्रतीत हो। तुषार और उदय रात में ही वहां से चले गए। सुबह होने पर दामिनी ने इसे हादसा बताते हुए पूरा नाटक रचा।








