अपनी 12 सूत्रीय मांगों के लेकर राज्य प्रधान संघ के आह्वान पर विकास खंड नारायणबगड़,थराली, देवाल और घाट में ब्लाक मुख्यालयों पर सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी कर अपना धरना प्रदर्शन जारी रखते हुए कार्य वहिष्कार किया गया।
मंगलवार को विधानसभा थराली के चारों ब्लाकों में ग्राम प्रधानों ने एकत्र होकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर विकास खंड कार्यालय मै तालाबंदी की।
प्रधान संगठन का कहना है कि पिछले छह दिनों से प्रधान संघ अपनी मांगो को लेकर पिछले 6 दिनों से धरना दे रहे है। लेकिन अभी तक सरकार द्वारा उनकी मांगो पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।जिससे प्रधान संगठन आक्रोशित है। ग्राम प्रधानों का कहना है कि सीएससी को ग्राम पंचायतों से 2500 रुपया प्रतिमाह दिए जाने के आदेश को अविलंब वापस लिया जाना चाहिए। कहा कि ग्राम पंचायतें अपने काम करने में सक्षम हैं इसलिए सरकार को अपनी हठधर्मिता को छोड़कर ग्राम पंचायतों को स्वतंत्र काम करने देना चाहिए। कहां गया है कि 15 वें वित्त की धनराशि में कटौती पर रोक लगाई जाए और पहले की भांति 15वें में कंटेनजेंसी की राशि को 10 प्रतिशत रखी जानी चाहिए।साथ ही मांग की गई है कि ग्राम प्रधानों का मानदेय 1500 रूपया से बढ़ाकर 10 हजार रुपए करने के साथ ही सेवाकाल समाप्त होने के बाद 5 हजार रुपए प्रतिमाह पेंशन दिए जाने का आग्रह भी किया गया है। प्रधानों ने सरकार की बुद्धि शुद्धि के लिए हवन कार्यक्रम भी किया।
बताते चलें कि सरकार द्वारा प्रधानों की भारी उपेक्षाओं से नाराज़ प्रदेशभर में पहली जुलाई से धरना प्रदर्शन करने के लिए विवश है। और उन्होंने कहा कि जब तक मांगे पूरी नहीं होगी तब तक धरना जारी रहेगा







