फूलों की घाटी: फूलों की घाटी 31 अक्तूबर को हो जाएगी बंद, पर्यटकों की संख्या में आई कमी

Spread the love

 

 

विश्व धरोहर फूलों की घाटी में इस साल पर्यटक काफी कम पहुंचे हैं। अब घाटी का सीजन लगभग खत्म होने वाला है। ऐसे में अब पर्यटकों की संख्या में ज्यादा इजाफा होने की उम्मीद कम ही है।

फूलों की घाटी में धीरे-धीरे पर्यटक कम होने लगे हैं। घाटी में इस साल विदेशी पर्यटकों की संख्या तो बढ़ी है लेकिन भारतीय पर्यटक काफी कम आए जिससे नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क प्रशासन के राजस्व में भी भारी कमी आई है। फूलों की घाटी 31 अक्तूबर को बंद कर दी जाएगी। हालांकि अब घाटी में आने वाले पर्यटकों की संख्या भी घटने लग गई है क्योंकि अब यहां फूल सूखने लगे हैं। पिछले साल घाटी में भारतीय पर्यटकों की संख्या 17654 थी जबकि इस साल अभी तक 14528 पर्यटक ही घाटी में पहुंच पाए हैं।

हालांकि विदेशी पर्यटकों की संख्या में जरूर बढ़ोतरी हुई है। पिछले साल घाटी में 268 पर्यटक आए थे जबकि इस बार 384 पर्यटक अभी तक पहुंचे हैं। फूलों की घाटी की वनक्षेत्राधिकारी चेतना कांडपाल ने बताया कि इस साल भारतीय पर्यटकों की संख्या में करीब तीन हजार की कमी आई है।

हालांकि विदेशी पर्यटक बढ़े हैं। इससे पार्क के राजस्व में भी कमी आई है। पिछले साल पार्क प्रशासन को 36 लाख 18 हजार 450 रुपये की आय हुई थी। इस साल अभी तक 31 लाख 13 हजार 700 की आय हुई है। अब घाटी में आने वाले पर्यटकों की संख्या धीरे-धीरे कम हो रही है। 31 अक्तूबर को घाटी पर्यटकों के लिए बंद कर दी जाएगी।

और पढ़े  रुद्रपुर: पिता ने अपनी दस साल की बेटी से किया दुष्कर्म, विरोध पर पत्नी को भी पीटा, मां ने कोतवाली में दी तहरीर

Spread the love
  • Related Posts

    हल्द्वानी- नैनीताल बैंक में एसी फटने से अग्निकांड, धुआं भरने से घुटने लगा दम

    Spread the love

    Spread the loveहल्द्वानी शहर के व्यस्ततम सिंधी चौराहा स्थित नैनीताल डिस्ट्रिक्ट को-ऑपरेटिव बैंक की हल्द्वानी नगर शाखा में बुधवार शाम एयर कंडीशनर (एसी) में तेज धमाके के साथ शॉर्ट सर्किट से…


    Spread the love

    काशीपुर- साइबर ठगो ने 2 व्यक्तियों के खातों से 2.22 लाख रुपये उड़ाए, FIR दर्ज

    Spread the love

    Spread the loveकाशीपुर शहर के आईटीआई व कुंडा थाना क्षेत्र में साइबर ठगी के दो मामले प्रकाश में आए हैं। ठगों ने दो व्यक्तियों के खातों से 2.22 लाख रुपये…


    Spread the love