ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने शुक्रवार को काशी में गो प्रतिष्ठा धर्मयुद्ध के शंखनाद की शुरुआत कर दी। उन्होंने साधु-संतों के साथ केदारघाट पर मां गंगा की विधिवत पूजा की। शनिवार को सुबह श्रीचिंतामणि गणेश और संकटमोचन मंदिर में पूजा करने के बाद यात्रा लखनऊ के लिए शुरू होगी। शंकराचार्य चार दिनों में छह जिलों में दर्जनभर से अधिक स्थानों पर गो रक्षा के लिए सभाएं करेंगे। वह जौनपुर, सुल्तानपुर, रायबरेली, उन्नाव, लखीमपुर खीरी होकर 11 मार्च को लखनऊ पहुंचेंगे।







