झारखंड पुलिस को नक्सल विरोधी अभियान में बड़ी सफलता मिली है। राज्य के धनबाद जिले से एक करोड़ रुपये से अधिक के इनामी शीर्ष माओवादी मिसिर बेसरा को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसके साथ दो अन्य माओवादियों को भी पुलिस ने दबोच लिया। मिसिर बेसरा कई वर्षों से झारखंड समेत अन्य राज्यों में नक्सली गतिविधियों से जुड़े मामलों में वांछित था।
मिसिर बेसरा पर झारखंड और ओडिशा सहित कई राज्यों में नक्सली गतिविधियों से जुड़े कई मामले दर्ज हैं। लंबे समय से सुरक्षा एजेंसियां उसकी तलाश में जुटी थीं। उस पर विभिन्न राज्यों की ओर से कुल मिलाकर एक करोड़ रुपये से अधिक का इनाम घोषित था।
इसी दिन झारखंड पुलिस के समक्ष 16 माओवादियों ने भी आत्मसमर्पण किया। आत्मसमर्पण करने वालों में संतोष महतो उर्फ बसुदेव दा उर्फ दिलीप भी शामिल है, जो 128 मामलों में वांछित था और जिस पर 15 लाख रुपये का इनाम घोषित था।
पुलिस के अनुसार, आत्मसमर्पण करने वालों में दो सब-जोनल कमेटी सदस्य और दो एरिया कमेटी के पदाधिकारी भी शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि नक्सल विरोधी अभियान आगे भी इसी तरह जारी रहेगा और उग्रवाद से जुड़े लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।








