केंद्र सरकार ने मानसून आपदा प्रभावित जम्मू-कश्मीर को बड़ी मदद दी है। केंद्र ने नए साल की पूर्व संध्या पर 1,430 करोड़ के पैकेज को मंजूरी दी है। इसमें से 944 करोड़ रुपये की पहली किस्त भी जारी कर दी है। गृह मंत्रालय की सिफारिश पर यह मदद जारी हुई है। इसका इस्तेमाल क्षतिग्रस्त सार्वजनिक बुनियादी ढांचे के पुनर्निर्माण व प्रभावित जिलों में आपदा राहत कार्यां को गति देने में होगा।
अमित शाह व कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किया था दौरा
अगस्त में बादल फटने व बाढ़ से प्रदेश में भीषण तबाही हुई थी। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने एक सितंबर को आपदा प्रभावित इलाकों का दौरा किया था। इसके बाद पांच सितंबर को अंतर मंत्रालयीय केंद्रीय टीम (आईएमसीटी) जम्मू-कश्मीर आई थी। टीम ने चार दिन तक बाढ़ व भूस्खलन प्रभावित इलाकों में जाकर हुए नुकसानों का ब्योरा जुटाया था। टीम ने अपनी रिपोर्ट गृह मंत्रालय को सौंपी थी। केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान भी 19 सितंबर को आपदा प्रभावित इलाकों का दौरा किया था। उन्होंने खेतों में जाकर किसानों से बातचीत भी की थी। गृह मंत्रालय ने इन तमाम साक्ष्यों के साथ केंद्र सरकार से जम्मू-कश्मीर के लिए राहत की सिफारिश की थी और इस पर अब मदद जारी हुई है।
पुनर्निर्माण को मजबूती मिलेगी
उम्मीद जताई जा रही है कि केंद्र से मिलने वाली मदद भविष्य की आपदाओं से लड़ने की प्रदेश की तैयारियों को मजबूत करेगी। इसके अलावा सड़कों, बिजली के बुनियादी ढांचे और जल आपूर्ति प्रणालियों सहित क्षतिग्रस्त सार्वजनिक संपत्तियों पर पुनर्निर्माण को मजबूती मिलेगी।
अगस्त तक सभी कार्य पूरा कर लें : मुख्य सचिव
मुख्य सचिव अटल डुल्लू ने बुधवार को एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को पुनर्निर्माण कार्य अगस्त 2026 तक पूरे करने के निर्देश दिए। मुख्य सचिव ने समय पर सहायता देने के लिए केंद्र सरकार और गृह मंत्रालय का आभार भी जताया।
27 विभागों के 222 कार्यों को मंजूरी
प्रधान सचिव वित्त संतोष वैद्य ने बताया कि 27 विभागों के 222 कार्यों को मंजूरी दे दी गई है। इनमें 162 चालू परियोजनाएं और 60 नए कार्य शामिल हैं। पहली किस्त में मिले 944 करोड़ रुपये के सापेक्ष 758 करोड़ रुपये का खर्च पहले ही दर्ज किया जा चुका है। उन्होंने विभागों से तेजी से कामों को पूरा करने का आग्रह किया। विशेष रूप से 95 परियोजनाएं जिनमें वर्तमान में शून्य व्यय दिख रहा है ताकि निर्धारित समयसीमा के भीतर धन का पूरा उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
केंद्र से नए साल की सौगातें भी मिलीं
श्रीनगर और जम्मू में यूनिटी मॉल बनाए जाएंगे। इसके लिए केंद्र ने 200 करोड़ रुपये की विशेष सहायता को मंजूरी दी है। उल्लेखनीय है कि जिन केंद्र शासित प्रदेशों में विधानसभा है उनमें यूनिटी मॉल बनाए जाएंगे।
खनन क्षेत्र में सुधार के लिए 100 करोड़
खनन विभाग ने सुधार उपायों के साथ-साथ नीलामी आधारित आवंटन तंत्र की शुरुआत करते हुए एक नई लघु खनिज नीति को अधिसूचित किया है। केंद्र सरकार ने खनन क्षेत्र सुधार घटक के तहत इसके लिए 100 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं।









