19 मार्च को सुबह नौ बजे से अनुष्ठानों का शुभारंभ हो जाएगा। दक्षिण भारत, काशी व अयोध्या के 51 वैदिक आचार्य अनुष्ठानों को संपन्न कराएंगे। काशी के आचार्य पद्मभूषण पंडित गणेश्वर शास्त्री के नेतृत्व में समस्त अनुष्ठान होंगे। समारोह में केरल की आध्यात्मिक गुरु मां अमृता मरी, कर्नाटक के धर्माधिकारी पद्मभूषण वीरेंद्र हेगड़े और सर कार्यवाह दत्तात्रेय होसबोले भी शामिल होंगे। मां अमृता के साथ 100 से अधिक अनुयायी भी अयोध्या आ रहे हैं, उनके ठहरने के लिए कमरे बुक कराए जा रहे हैं। मेहमानों में उत्तराखंड के भी कारसेवक शामिल हैं। इसके अलावा अयोध्या जिले से करीब एक हजार लोगों को मेहमान के रूप में आमंत्रित किया जाएगा।
कार्यक्रम को व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के साथ ही अतिथियों के स्वागत, बैठने की व्यवस्था, पार्किंग और आवागमन की सुचारु व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मंदिर परिसर को भव्य सजावट से संवारने का काम भी अंतिम चरण में पहुंच गया है।प्रशासन और मंदिर ट्रस्ट की ओर से समारोह को भव्य और सुव्यवस्थित बनाने के लिए लगातार बैठकें की जा रही हैं।