पुलिस की पकड़ में आया ‘पुष्पाराज’ गिरफ्तार, कैंटर में छुपाई गई थी लाल चंदन की लकड़ियां, 1513 किलो है वजन ।।

कुछ दिन पहले आई साउथ इंडियन मूवी पुष्पाराज में लाल चंदन की तस्करी जैसे अहम मुद्दे को उठाया गया था। फिल्म ने खूब वाहवाही बटोरी और इसका डायलॉग ‘पुष्पा, मैं झुकेगा नहीं’ भी काफी प्रसिद्ध हुआ था। फिल्म में लाल चंदन की तस्करी करने वाला पुष्पाराज पुलिस को खूब चकमा देता है लेकिन हिसार का पुष्पाराज पुलिस के हत्थे चढ़ गया है।
हिसार सीआईए टीम ने मंगाली जाटान गांव से एक कैंटर से काफी मात्रा में लाल चंदन की लकड़ियां बरामद की हैं। ये लकड़ियां कैंटर के अंदर घरेलू सामान के नीचे छिपा कर रखी हुई थी। पकड़ी गई लकड़ियों का वजन 1513 किलोग्राम है। ये लकड़ियां चंदन के मणके बनाने के काम आती है। पहले भी काफी मात्रा में यहां से चंदन की लकड़ियां बरामद हो चुकी हैं। आजाद नगर थाना पुलिस ने चालक धर्मबीर के खिलाफ चोरी, षडयंत्र और अन्य धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।सीआईए टीम के एएसआई मांगेराम ने बताया कि उन्हें गुप्त सूचना मिली थी कि मंगाली जाटान गांव में रहने वाला एक व्यक्ति कैंटर में लाल चंदन की लकड़ियां लेकर आ रहा है। सूचना के आधार पर टीम मौके पर पहुंची और कैंटर की तलाशी ली। उस दौरान टीम ने कैंटर के अंदर घरेलू सामान के नीचे प्लास्टिक के डिब्बों में लाल चंदन की लकड़ियां बरामद की। लकड़ियों के छोटे छोटे टुकड़े किए हुए थे और उनका वजन 1513 किलोग्राम था। पुलिस ने मौके से चालक को गिरफ्तार कर लिया। आजाद नगर थाना पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है कि कहां से लकड़ियां लेकर आया था और इस में कौन कौन शामिल है

और पढ़े  अहमदाबाद में भरभराकर गिरा दो मंजिला मकान: मलबे में दबे चार लोग, महिला की मौत, तीन घायल
  • Related Posts

    ट्रंप को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका- मध्यावधि चुनाव से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति का बैन निरस्त, डाक मतपत्र मामले में क्या निर्णय?

    सोमवार को सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के मेल मतपत्र प्रतिबंधों को फिलहाल खारिज कर दिया। इस निर्णय से राज्यों को अपनी पुरानी मेल मतपत्र प्रक्रियाओं को जारी रखने…

    मुंबई: 3400 करोड़ की संपत्ति वाले BJP विधायक क्यों बने भिखारी, लोगों ने कैसे पहचाना…

    महाराष्ट्र के सबसे अमीर भाजपा विधायकों में शुमार और करीब 3,400 करोड़ों की संपत्ति के मालिक पराग शाह अपने जैन गुरु के सुझाव पर वैभव, आराम और सुरक्षा को छोड़कर…