पाकिस्तान की साजिश बेनकाब: सीमा पार से घुसपैठ की फिराक में जैश आतंकवादियों के दो गुट, बॉर्डर पर अलर्ट

Spread the love

पाकिस्तान जम्मू संभाग में जैश आतंकियों के दो गुटों की घुसपैठ कराने की फिराक में है। सुरक्षा एजेंसियों के इनपुट के बाद भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) पर अलर्ट जारी कर दिया गया है। सुरक्षाबल सीमा पर कड़ी नजर रख रहे हैं। सीमावर्ती क्षेत्रों में गश्त बढ़ा दी गई है।

खुफिया सूत्रों के अनुसार किश्तवाड़ में इस्राइल ग्रुप के खात्मे, कठुआ और उधमपुर में आतंकियों के बड़े पैमाने पर सफाए से पाकिस्तान बौखलाया हुआ है। वह जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद को बढ़ाने के लिए हीरानगर सेक्टर से जैश-ए-मोहम्मद के आतंकियों की घुसपैठ कराने की साजिश रच रहा है और माकूल समय की तलाश में है।

सूत्रों का कहना है कि दुश्मन की साजिश को नाकाम करने के लिए बीएसएफ, सेना व अन्य अर्धसैनिक बलों ने बहुस्तरीय सुरक्षा घेरा तैयार कर लिया है। मुंहतोड़ जवाब देने के लिए सीमा से सटे इलाकों में सघन तलाशी अभियान चलाए जा रहे हैं।

हीरानगर और सांबा सेक्टर संवेदनशील:
हीरानगर और सांबा सेक्टर घुसपैठ के लिहाज से हमेशा संवेदनशील रहे हैं। इन क्षेत्रों से पिछले कुछ वर्षों में कई आतंकियों के दल घुसपैठ कर चुके हैं। इसकी तस्दीक सुरक्षा एजेंसियों ने जांच में भी की है। पिछले साल अप्रैल में कठुआ के सनियाल और जखोल के अंबे नाल में आतंकियों के साथ मुठभेड़ें हो चुकी हैं। इससे पहले 2024 में सैडा सोहल में दो आतंकियों को ढेर किया गया था। ऐसे में इस बार चौकसी और भी कड़ी की गई है। 

कठुआ के ऐरवां में दिखे संदिग्ध, पठानकोट सीमा पर भी अलर्ट, वाहनों की जांच बढ़ाई
कठुआ जिले में नगरी के ऐरवां में रविवार को तीन से चार संदिग्ध देखे गए। सुरक्षाबलों ने घेराबंदी कर तलाशी अभियान शुरू कर दिया है। सूत्रों के अनुसार गांव की एक महिला ने देर रात एक संदिग्ध देखा और पुलिस को सूचना दी। इस बीच गांव के एक और व्यक्ति ने बताया कि गांव के पास खेतों में तीन संदिग्धों को देखा है।

और पढ़े  बंगाल में शुभेंदु कैबिनेट के विभागों का हुआ बंटवारा: दिलीप घोष बने पंचायत मंत्री, अग्निमित्रा को भी अहम मंत्रालय

इन सूचनाओं के बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां मौके पर पहुंच गईं। ऐरवां सहित आसपास के इलाकों में तलाशी अभियान चलाया गया। सोमवार को भी इलाके को खंगाला गया। लोगों से भी पूछताछ की गई। पुलिस का कहना है कि इलाके में नाकों पर भी चेकिंग बढ़ा दी गई है। वहीं, पठानकोट पुलिस ने बमियाल और नरोट जैमल सिंह क्षेत्र में चौकसी बढ़ा दी है। इंटर स्टेट नाकों पर सख्त पहरा लगाया गया है और कठुआ से सीमांत क्षेत्र में दाखिल होने वाले वाहनों की गहन जांच की जा रही है। सीमावर्ती क्षेत्र होने के कारण पुलिस पहले से ही अलर्ट पर थी लेकिन ताजा इनपुट के बाद निगरानी और तेज कर दी गई है।

जम्मू के सीमावर्ती इलाकों में भी बढ़ाई सतर्कता
जम्मू जिले में भी अंतरराष्ट्रीय सीमा से घुसपैठ की आशंका के चलते सीमावर्ती इलाकों में हाई अलर्ट जारी किया गया है। मढ़ क्षेत्र में बीएसएफ और अन्य बल चप्पे-चप्पे पर नजर रख रहे हैं। सूत्रों के अनुसार हाल के दिनों में नियंत्रण रेखा (एलओसी) से पाकिस्तान से ड्रोन घुसपैठ की कोशिशें की गई हैं। इस बीच घुसपैठ की भी आशंका है। एजेंसियों ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस या सुरक्षाबलों को दें।

आतंकी मददगारों में सरकारी तंत्र के लोगों के शामिल होने की भी आशंका, जांच तेज
किश्तवाड़ के छात्रू में जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी कमांडर सैफुल्लाह और उसके साथियों के खात्मे के बाद सुरक्षाबलों की नजर अब इन आतंकियों तक मदद पहुंचाने वालों पर है। पुलिस ने आधा दर्जन से अधिक संदिग्धों की पहचान की है। इनमें सरकारी तंत्र के लोगों के शामिल होने की भी आशंका है और वे एजेंसियों के रडार पर हैं।

और पढ़े  चीन के लिए जासूसी कर रहीं थी कैलिफोर्निया के आर्केडिया शहर की मेयर, FBI की जांच में चौंकाने वाले खुलासे

सूत्रों के अनुसार पुलिस और सुरक्षाबलों का फोकस अब इन आतंकी मददगारों का नेटवर्क तोड़ने पर है। पुलिस ने आतंकियों के इस गुप्त रसद तंत्र को ध्वस्त करने के लिए चौतरफा कार्रवाई शुरू की है। आतंकियों के इन मददगारों ने वर्षों तक आतंकियों को दुर्गम पहाड़ियों में जीवित रहने व सुरक्षा घेरे से बचने में मदद की।

इन्होंने कथित तौर पर सैफुल्लाह और उसके समूह को रसद और सामग्री प्रदान की थी। अधिकारियों ने बताया कि उन संदिग्धों का पता लगाने के लिए टीमें गठित की गई हैं जिन्होंने भोजन, आश्रय, संचार और वित्तीय मदद की व्यवस्था कर सैफुल्लाह के गुट की आवाजाही को सुगम बनाया था।

मददगारों की भूमिका की हो रही जांच :
सुरक्षाबलों ने 22 फरवरी को कमांडर सैफुल्लाह समेत तीन आतंकियों को मार गिराया था। इसके बाद एजेंसियां ने आतंकी मददगारों की पहचान तेज कर दी थी। 23 फरवरी को पुलिस महानिरीक्षक बीएस टूटी ने कहा था कि आतंकी मददगारों की पहचान की जा रही है। किसी भी आतंकी मददगार को बख्शा नहीं जाएगा।

Spread the love
  • Related Posts

    असम सरकार में विभागों का हुआ बंटवारा: 4 मंत्रियों के मिली अहम जिम्मेदारी, 26 मई के बाद होगा कैबिनेट विस्तार

    Spread the love

    Spread the loveअसम में नई सरकार के गठन के बाद मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने आज अपने मंत्रिमंडल के चार मंत्रियों के बीच विभागों का बंटवारा कर दिया। राजभवन की…


    Spread the love

    एसआईआर का तीसरा चरण- 16 राज्यों, 3 केंद्र शासित प्रदेशों में एसआईआर की घोषणा, ECI ने तीसरे चरण का किया एलान

    Spread the love

    Spread the love     चुनाव आयोग ने विशेष गहन पुनरीक्षण के तीसरे चरण की घोषणा की है। इसके तहत देश के 16 राज्यों और तीन केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाता सूची…


    Spread the love