राजधानी दिल्ली को दहलाने और युवाओं के जेहन में कट्टरपंथ का जहर घोलने की लश्कर-ए-तैयबा की बड़ी साजिश को दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने नाकाम कर दिया है। स्पेशल सेल ने लश्कर के खतरनाक हैंडलर शाबिर अहमद लोन उर्फ राजा कश्मीरी को पूर्वी दिल्ली के गाजीपुर इलाके से गिरफ्तार कर लिया है। पटियाला हाउस कोर्ट ने उसे पांच दिन की पुलिस कस्टडी में भेज दिया है। दिल्ली पुलिस इससे पहले फरवरी में सात बांग्लादेशी सहित आठ आतंकियों को गिरफ्तार कर चुकी है। तब से सरगना की तलाश थी।
स्पेशल सेल के डीसीपी प्रवीण कुमार त्रिपाठी के नेतृत्व में स्पेशल सेल की टीम कई दिनों से शाबिर को तलाश रही थी। जांच में पता चला है कि लोन पाकिस्तान में बैठे लश्कर के हैंडलर अबू हुजैफा और सुमामा बाबर के सीधे संपर्क में था। हैंडलर के निर्देश पर वह लश्कर में भारतीय युवाओं की भर्ती करने की साजिश रच रहा था। इसी बीच खुफिया इनपुट मिला कि शाबिर नेपाल सीमा के रास्ते भारत में दाखिल हुआ है और दिल्ली में किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की साजिश रच रहा है। 29 मार्च की रात करीब 10:30 बजे सेल की टीम ने गाजीपुर नाले के पास घेराबंदी कर आतंकी को दबोच लिया गया।
तलाशी में उसके पास से 2300 बांग्लादेशी टका, 5000 पाकिस्तानी रुपयेए 3000 भारतीय रुपये और 1400 नेपाली रुपये बरामद हुए। एक नेपाली सिम कार्ड, एक कीपैड फोन और आधार कार्ड की फोटोकॉपी भी मिली। पुलिस अधिकारी ने बताया कि इससे पहले शाबिर को स्पेशल सेल ने 27 जुलाई 2007 को एके-47 और ग्रेनेड सहित भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद के साथ गिरफ्तार किया था। इस मामले में उसे दोषी ठहराया गया था लेकिन जमानत पर बाहर आने के बाद वह फरार हो गया था।
ऐसे हुआ खुलासा
अतिरिक्त पुलिस आयुक्त पीएस कुशवाहा ने बताया कि हाल ही में सुप्रीम कोर्ट मेट्रो स्टेशन के पास देशविरोधी पोस्टर लगाने की घटना हुई थी। इस घटना को दिल्ली मेट्रो पुलिस ने गंभीरता से लिया। बाद मामला स्पेशल सेल के पास पहुंचा तो जांच में आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े बड़े मॉड्यूल का खुलासा हुआ। पुलिस ने कोलकाता और तमिलनाडु में छापेमारी कर सात बांग्लादेशी समेत कुल आठ आतंकियों को गिरफ्तार किया। उनसे पूछताछ में सेल को शब्बीर अहमद लोन के बारे में पता चला था।
बांग्लादेशी महिला से की है दूसरी शादी
जम्मू-कश्मीर के गांदरबल जिले के कंगन तहसील का रहने वाला 43 वर्षीय शाबिर अहमद लोन लश्कर के लिए लॉन्चिंग पैड तैयार करने का माहिर खिलाड़ी है। खुलासा हुआ कि मार्च 2025 में शाबिर अपनी पत्नी और परिवार के साथ भारत-बांग्लादेश सीमा पार कर बांग्लादेश के सैदपुर पहुंच गया था। वहां उसने अपनी पहचान छिपाने और स्थानीय आबादी में घुलने-मिलने के लिए एक बांग्लादेशी महिला से दूसरी शादी की थी। वहां से वह पाकिस्तान में बैठे अपने आकाओं अबू हुजैफा, सुमामा बाबर समेत अन्य के संपर्क में था।









