कोलकाता के दुर्गा पूजा पंडाल में हुई भगदड़ में 19 लोगों ने जान गंवाई है। 25 लोग घायल भी हुए हैं। सीएम शुभेंदु अधिकारी ने भगदड़ की जांच के निर्देश दिए हैं। राष्ट्रपति, पीएम मोदी, विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने हताहतों के परिजनों के प्रति संवेदनाएं जताई हैं।
चोरबागान भगदड़ हादसा: अमित शाह ने घायलों से मिलने अस्पताल पहुंचे
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह रविवार को कोलकाता दुर्गा पूजा पंडाल भगदड़ में घायल हुए लोगों से मिलने अस्पताल पहुंचे।
चोरबागान भगदड़ हादसे को लेकर एफआईआर दर्ज, 14 हिरासत में
कोलकाता के चोरबागान सार्वजनिक दुर्गा पूजा आयोजन में भगदड़ की घटना के मामले में पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है। कोलकाता पुलिस के मुताबिक, इस घटना को लेकर गिरिश पार्क थाने में स्वत: संज्ञान लेते हुए मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस ने आयोजकों और अन्य संबंधित लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 105, 110 और 3(5) के तहत केस दर्ज किया है। इस मामले में अब तक 14 लोगों को हिरासत में लिया गया है। पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है, ताकि घटना के कारणों और जिम्मेदार लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा सके।
सीएम अधिकारी ने 25 लाख रुपये मुआवजे और एक नौकरी का किया एलान
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने रविवार को बताया कि उत्तर कोलकाता में मुक्तारामबाबू स्ट्रीट पर चोरबगान सार्वजनीन दुर्गा पूजा पंडाल में हुई भगदड़ में 19 लोगों की मौत हो गई है, जिनमें से 17 की घटनास्थल पर ही मौत हो गई।सीएम अधिकारी ने बताया कि इस हादसे में 25 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से 24 खतरे से बाहर हैं और एक की हालत गंभीर बनी हुई है।
मुख्यमंत्री ने कहा, “जिन 19 परिवारों ने अपने किसी सदस्य को खोया है, उनके लिए मुआवजे का एलान किया गया है। उनमें से 13 परिवारों से मैंने वन-टू-वन मुलाकात की। मैंने उन्हें भरोसा दिया कि सरकार उनके साथ खड़ी है और उनकी मदद करेगी। उन्होंने भी सरकार पर भरोसा जताया है। पश्चिम बंगाल सरकार प्रत्येक पीड़ित परिवार को 25 लाख रुपये मुआवजा और एक नौकरी देगी। हर घायल का 100 प्रतिशत मेडिकल खर्च सरकार उठाएगी, साथ ही 5 लाख रुपये का अतिरिक्त मुआवजा भी देगी।”
उन्होंने कहा, “पूरे राज्य में 58,000 पूजाएं हो रही हैं। इस घटना को देखते हुए सभी को सावधानी बरतनी चाहिए और जरूरी एहतियात लेने चाहिए। भीड़ नियंत्रण बनाए रखना चाहिए और फायर ब्रिगेड तथा पुलिस के दिशा-निर्देशों का पूरी तरह पालन करना चाहिए, जिसमें पर्याप्त लाइटिंग, एंट्री-एग्जिट पॉइंट और सुरक्षा शामिल है ताकि सभी सहयोग कर सकें।”







