राजस्थान- स्कूल देखने पहुंचे CJP कार्यकर्ताओं के साथ धक्का-मुक्की, बोले- ‘BJP के गुंडों ने किया विरोध’

Spread the love

यपुर के बगरू विधानसभा क्षेत्र में स्थित राजकीय प्राथमिक स्कूल रामपुरा कंवरपुरा का निरीक्षण करने पहुंचे कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के कार्यकर्ताओं को भारी विरोध का सामना करना पड़ा। सीजेपी कार्यकर्ताओं के आने से पहले ही रामपुरा गांव के लोगों ने मुख्य रास्ते की घेराबंदी कर दी और वहां से आने-जाने वाली गाड़ियों की सघन चेकिंग शुरू कर दी।

 

सीजेपी कार्यकर्ताओं के वहां पहुंचते ही ग्रामीणों और भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ उनकी धक्का-मुक्की हो गई। ग्रामीणों का कहना था कि वे स्कूल को अपने स्तर पर ही ठीक करा लेंगे क्योंकि सरकार की तरफ से इसके लिए 12.50 लाख रुपए स्वीकृत हो चुके हैं। उन्होंने सीजेपी कार्यकर्ताओं को ‘बाहरी व्यक्ति’ बताते हुए गांव से धक्का देकर बाहर निकाल दिया।

 

स्कूल की बदहाल स्थिति को देखने के लिए था दौरा
सीजेपी की टीम का जयपुर में दो सरकारी स्कूलों- रामपुरा कंवरपुरा और वाटिका रोड स्थित भट्टा वाला राजकीय स्कूल का दौरा करने का कार्यक्रम था। पार्टी की मानें तो टीम का उद्देश्य वहां की शिक्षा व्यवस्था, बच्चों को मिलने वाली सुविधाओं और स्कूल की इमारतों का जायजा लेना था। बताया जा रहा है कि रामपुरा कंवरपुरा का प्राथमिक स्कूल पूरी तरह जर्जर हो चुका है, जिसके कारण मुख्य स्कूल बिल्डिंग को बंद कर दिया गया है। स्कूल की छत की पट्टियां टूट चुकी हैं, जिन्हें सहारे के लिए नीचे से लोहे के एंगल लगाकर रोका गया है। इस जर्जर हालत के कारण स्कूल को 50 मीटर दूर एक बाड़े में शिफ्ट किया गया है, जहां बच्चे टीनशेड के नीचे बैठकर पढ़ाई करने को मजबूर हैं। इस बाड़े के पास पशुओं का चारा भरा हुआ है और दीवार की ईंटें भी गिरी हुई हैं।

और पढ़े  महज 5.5KM दूर रहते हैं बेटे, पिता का शव 5 दिनों तक सड़ता रहा, समझाने पर शव लेने आए बेटे

 

राजनीतिक विवाद और सीजेपी का रुख
यह पूरा विवाद तब और गहरा गया जब पिछले दिनों सीजेपी द्वारा किए गए स्कूलों के निरीक्षण के बाद, शिक्षा विभाग ने स्कूलों में मीडिया और आम जनता की बिना वजह एंट्री पर पूरी तरह पाबंदी लगा दी। इस फैसले पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए सीजेपी के को-कन्वीनर आशुतोष रांका ने आरोप लगाया कि राजस्थान के शिक्षा मंत्री राज्य की बदहाल शिक्षा व्यवस्था को छिपाने के लिए तानाशाही रवैया अपना रहे हैं। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि वे इस पाबंदी से पीछे नहीं हटेंगे और जब तक प्रदेश के सभी सरकारी स्कूलों की स्थिति में सुधार नहीं हो जाता, उनका यह निरीक्षण अभियान लगातार जारी रहेगा।

 

बच्चों को भैंसों के तबेले में पढ़ाया जा रहा
रांका ने स्कूल की स्थिति को लेकर सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने लिखा, ‘बच्चों को भैंसों के तबेले में पढ़ाया जा रहा है, और यह रोकने पर भाजपा अपने गुंडे भेज रही है।’ इसके साथ ही उन्होंने इसे ‘शर्मनाक स्थिति’ बताया।


Spread the love
  • Related Posts

    राहुल गांधी का दावा: PM मोदी का शासन आखिरी दौर में, उत्तराधिकारी की तलाश शुरू हुई

    Spread the love

    Spread the loveलोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने बुधवार को कांग्रेस कार्य समिति यानी सीडब्ल्यूसी की बैठक में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का शासन ‘अंतिम दौर’ में…


    Spread the love

    आज 35 साल बाद बांग्लादेश में राष्ट्रपति चुनाव: किसका किससे है मुकाबला, कौन दौड़ में सबसे आगे? जानिए समीकरण

    Spread the love

    Spread the loveबांग्लादेश में आज नए राष्ट्रपति का चुनाव होने वाला है। सत्तारूढ़ बीएनपी के बड़े नेता मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर इस चुनाव में सबसे आगे माने जा रहे हैं।…


    Spread the love