इंदौर के एमजीएम मेडिकल कॉलेज में पीजी के अंतिम वर्ष के छात्र डॉ. अमन पटेल की आत्महत्या से मेडिकल कॉलेज परिसर में सनसनी फैल गई। 30 वर्षीय डॉ. अमन ने कॉलेज हॉस्टल की पांचवीं मंजिल से कूदकर जान दे दी। घटना के बाद कॉलेज प्रबंधन, छात्र और पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
रात दो बजे चौकीदार ने देखा शव
जानकारी के अनुसार डॉ. अमन पटेल मेडिसिन विभाग में पीजी फाइनल ईयर के छात्र थे। उन्होंने एमबीबीएस की पढ़ाई जबलपुर से की थी और आगे की पढ़ाई के लिए इंदौर के एमजीएम मेडिकल कॉलेज में दाखिला लिया था। साथी छात्रों के मुताबिक अमन पढ़ाई में काफी होनहार और शांत स्वभाव के थे। बताया जा रहा है कि रात करीब दो बजे हॉस्टल के चौकीदार ने कॉलेज के हॉस्टल ब्लॉक नंबर पांच के नीचे उनका शव पड़ा देखा। इसके बाद साथियों ने तुरंत कॉलेज प्रबंधन और पुलिस को सूचना दी।
कमरे की तलाशी में नहीं मिला सुसाइड नोट
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। प्राथमिक जांच में पुलिस इस मामले को आत्महत्या मानकर चल रही है। पुलिस ने डॉ. अमन के कमरे की भी तलाशी ली, लेकिन वहां से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ। उनका मोबाइल फोन जब्त कर लिया गया है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि मौत से पहले उन्होंने किन लोगों से बातचीत की थी।
कुछ महीनों में पूरी होने वाली थी डिग्री
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और परिजनों को भी सूचना दे दी गई है। बताया जा रहा है कि अमन ने घटना से कुछ घंटे पहले ही अपने परिवार से बातचीत की थी। साथियों ने बताया कि डॉ. अमन की पीजी डिग्री कुछ ही महीनों में पूरी होने वाली थी। मेडिकल कॉलेज में पिछले एक साल के भीतर आत्महत्या का यह दूसरा मामला है। इससे पहले भी एक छात्र ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और आत्महत्या के कारणों का पता लगाने की कोशिश में जुटी है।








