इन ब्रांडों का आटा भूल से भी न खरीदें, इसमें मिलाया जा रहा पत्थर का चूरा, इन 30 बड़ी मिलों पर छापा

Spread the love

गेहूं के साथ घुन पिसने की कहावत तो सुनी होगी लेकिन सफेद आटे का ऐसा काला सच सामने आया है जिसे सुनकर आप दंग रह जाएंगे। मुनाफाखोर गेहूं के साथ सेलखड़ी (पत्थर का मुलायम चूरा) को पीसकर लोगों की थाली तक पहुंचा रहे हैं। फिरोजाबाद में गेहूं के आटे में मिलावट पकड़े जाने के बाद शहर में भी खाद्य एवं औषधि विभाग ने आटा मिलों की जांच तेज कर दी है।

बीते एक सप्ताह में 30 इकाइयों से 35 से अधिक नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं। नमूनों की जांच रिपोर्ट में कई मिलों में मिलावट का खेल सामने आ सकता है। इसके बाद दोषी मिल संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। आगरा के बाद प्रदेशभर की आटा मिलों की भी मिलावटखोरी की जांच शुरू हो गई है।
गत मंगलवार शाम खाद्य एवं औषधि विभाग की टीम ने फिरोजाबाद के रजावली के गांव रामनगर स्थित शिवाय ट्रेडिंग कंपनी (आटा मिल) में 30 किलो सेलखड़ी बरामद किया था। इसे गेहूं के साथ पीसकर राज रसोई प्रीमियम ब्रांड नामक आटे की पैकिंग की जा रही थी। जांच में पता चला सेलखड़ी आगरा से मंगाया जाता है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने शिवाय ट्रेडिंग कंपनी के दो संचालकों पर प्राथमिकी दर्ज करा दी है। दोनों फरार हैं, जिनकी तलाश पुलिस कर रही है।
आगरा में दो दिन से चल रही कार्रवाई
खाद्य एवं औषधि विभाग की आयुक्त डॉ. रोशन जैकब ने प्रदेशभर में आटा मिलों की जांच के निर्देश दिए हैं। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि अभी तक आटे में चावल के चूरे की मिलावट तो पकड़ी गई थी मगर सेलखड़ी की मिलावट सामने नहीं आई थी। आगरा में बुधवार को बसई खुर्द स्थित श्याम भोग एंटरप्राइजेज में श्याम भोग ब्रांड का 1,496 किलो आटा सील किया गया है। बृहस्पतिवार को भी रात तक कार्रवाई चलती रही। इस दौरान कई जगह ब्रांडेड गेहूं के आटे की पैकिंग के स्थानों पर टीमों को गंदगी मिली।

मुख्यालय स्तर से की जा रही जांच
सहायक आयुक्त खाद्य महेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि सेलखड़ी मिलाकर गेहूं के आटे की बिक्री की शिकायत पर मुख्यालय स्तर से जांच की जा रही है। आगरा में टीम ने 30 आटा मिलों में 35 से अधिक नमूने लेकर जांच के लिए भेजे हैं। रिपोर्ट में गड़बड़ी मिलने के बाद इन पर कार्रवाई की जाएगी।

क्यों मिलाते हैं सेलखड़ी
सहायक आयुक्त खाद्य ने बताया कि मिल संचालक सेलखड़ी के उपयोग की सही जानकारी नहीं देते। कभी ये कीड़ों से अनाज को बचाने तो कभी प्लास्टिक की बोरियों को चिकना करने (आटा बाहर निकलने से रोकने) के लिए इसके उपयोग की बात बताते हैं। हालांकि मजदूरों से सख्ती से पूछने पर पता चला कि ये लोग घटिया और खराब गेहूं पीसकर आटा बनाते हैं। इससे आटे में हल्का कालापन आ जाता है। उसे सफेद और चमकदार बनाने के लिए सेलखड़ी का उपयोग करते हैं।

यहां करें शिकायत
टोल फ्री नंबर 18001805533, कार्यालय 0562-2970049 (सुबह 10 से शाम 5 बजे तक)
और पढ़े  अयोध्या: राम मंदिर में फिर बढ़ा सोने-चांदी का चढ़ावा, 10 दिन में मिला इतना सोना और चांदी

ऐसे करें पहचान
खाद्य सुरक्षा अधिकारी अमित कुमार सिंह ने बताया कि एक कटोरी में आटा लें और उसमें नींबू की कुछ बूंदें डाल दें। बुलबुले उठने लगें तो मिलावट है। ऐसे ही गिलास में पानी भरें और आटा डालकर चम्मच से मिलाएं। आटा तली में बैठ जाए तो मिलावटी है। तीसरा तरीका यह है कि हथेली पर आटा रखकर रगड़ें। शुद्ध आटा खुरदरा लगेगा, असामान्य चिकनाहट हो तो मिलावट हो सकती है।
पथरी और आंतों में रुकावट का खतरा
सीएमओ आगरा डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने  बताया कि लंबे समय तक सेलखड़ी शरीर में पहुंचने से पेट के विकार तेजी से बढ़ते हैं। पेट में दर्द, अपच और आंतों में रुकावट का खतरा बढ़ जाता है। शरीर में कैल्शियम या सिलिकेट के बारीक कण जमा होकर गुर्दे में पथरी की वजह बन सकते हैं। दांतों की ऊपरी परत घिसने के साथ मसूढ़ों में जख्म भी बन सकते हैं। सीने में सेलखड़ी जमने से टीबी के संक्रमण का खतरा भी रहता है।

Spread the love
  • Related Posts

    योगी पर अखिलेश का हमला, बोले- मुख्यमंत्री जी ने विश्व रिकॉर्ड बनाया, 7000 करोड़ का कॉस्मेटिक फेशियल करवाया

    Spread the love

    Spread the loveसमाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश सरकार के विज्ञापन खर्च को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि…


    Spread the love

    कुछ लोग जीवन भर बच्चे ही बने रहते हैं…, CM योगी ने अखिलेश पर कसा तंज, बोले- बबुआ भी यही करते थे

    Spread the love

    Spread the loveमुख्यमंत्री योगी ने सपा मुखिया अखिलेश यादव पर तंज कसते हुए कहा कि कुछ लोग जीवन भर बच्चे ही बने रहते हैं। बबुआ भी यही करते थे। वो…


    Spread the love