खतरा: अब कोरोना के साथ फैलने लगी एक और नई जानलेवा बीमारी, इलाज के बाद भी 15% लोगों की हो जाती है मौत

Spread the love

 

 

दुनिया के कई देशों में जारी कोरोना संक्रमण के बीच एक और नई संक्रामक बीमारी के खतरे को लेकर स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने अलर्ट किया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक दो तस्मानियाई महिलाओं में इनवेसिव मेनिंगोकोकल बीमारी का निदान किया गया है जिसके चलते उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इसके साथ इस साल अब राष्ट्रीय स्तर पर इस रोग के मामलों की संख्या बढ़कर 48 हो गई है।

स्वास्थ्य अधिकारियों ने सभी लोगों से लक्षणों पर नजर रखने और बचाव के उपाय करते रहने की सलाह दी है। विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि प्रभावित क्षेत्रों में सभी लोग एक बार डॉक्टर से मिलकर जांच करा लें कि क्या उन्हें टीकाकरण की जरूरत है?

इनवेसिव मेनिंगोकोकल डिजीज एक दुर्लभ और जानलेवा बीमारी है जो नीसेरिया मेनिंगिटिडिस (Neisseria meningitidis) नामक बैक्टीरिया के कारण होती है। इनवेसिव का मतलब है कि संक्रमण रक्त के माध्यम से और आपके अंगों में तेजी से फैलता है। इसके कारण दीर्घकालिक स्वास्थ्य जटिलताओं की आशंका रहती है, यही कारण है कि रोगियों के लिए आपातकालीन चिकित्सा देखभाल महत्वपूर्ण हो जाता है।

 

इलाज के बाद भी सेहत में नहीं होता सुधार

अध्ययन की रिपोर्ट्स पर नजर डालें तो पता चलता है कि ये बीमारी बहुत गंभीर है। उपचार के साथ इसकी मृत्युदर 10-15% तक हो सकती है वहीं जिन लोगों का इलाज नहीं हो पाता है उनमें  मृत्युदर 50% तक हो सकती है। गंभीर बात ये भी है कि जो लोग इस रोग से बच जाते हैं, उनमें से भी 30% लोग स्थाई रूप से संज्ञानात्मक, शारीरिक या मनोवैज्ञानिक विकलांगता का शिकार हो जाते हैं।

और पढ़े  आज बंगाल में शुभेंदु सरकार का शपथ ग्रहण,श्यामा प्रसाद मुखर्जी का सपना हुआ पूरा'

हालांकि अच्छी बात ये है कि इससे बचाव के लिए वैक्सीन मौजूद हैं, जो संक्रमण और मौत के खतरे को कम कर सकते हैं।

 

 

बैक्टीरियल संक्रमण का खतरा

मेडिकल रिपोर्ट्स से पता चलता है कि हर दस में से लगभग एक व्यक्ति की नाक या गले में ये बैक्टीरिया होता है। हवा के माध्मय से या भोजन साझा करने से ये आसानी से एक से दूसरे व्यक्ति में नहीं फैलता है। ये मुख्यरूप से मौखिक और श्वसन स्राव जैसे लार के संपर्क के माध्यम में आने या चुंबन के माध्यम से फैल सकता है।

जिस व्यक्ति के शरीर में ये बैक्टीरिया होते हैं उनमें इसके कोई खास लक्षण नजर नहीं आते हैं, इसलिए ये समझना कि किससे आपको खतरा है? ये कठिन हो सकता है।

 

 

किसे संक्रमण का खतरा अधिक और क्या हैं इसके लक्षण?

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, मेनिंगोकोकल डिजीज किसी को भी हो सकता है। लेकिन एक वर्ष से कम आयु के शिशुओं, किशोरों और 15-25 वर्ष की आयु के युवाओं में इसके विकसित होने का खतरा अधिक हो सकता है। कमजोर इम्युनिटी वाले लोगों में संक्रमण के कारण गंभीर रोग विकसित होने के मामले भी अधिक देखे जाते रहे हैं।

संक्रमण के शिकार लोगों में कई प्रकार की स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा हो सकता है। संक्रमण के कारण बुखार, सिर दर्द, गर्दन में अकड़न, तेज रोशनी से परेशानी होना (फोटोफोबिया), मतली, उल्टी या दस्त के अलावा त्वचा पर लाल और बैंगनी रंग के दाने हो सकते हैं।

यदि आपको इनमें से कोई भी लक्षण दिखाई दे तो आपको तुरंत अपने स्वास्थ्य सेवा प्रदाता से संपर्क करना चाहिए, जल्दी निदान और इलाज आपको गंभीर समस्याओं से सुरक्षित रखने के लिए बहुत जरूरी है।

और पढ़े  बंगाल में बस कुछ ही देर में शुभेंदु सरकार का शपथ ग्रहण,ब्रिगेड ग्राउंड में PM मोदी और शुभेंदु अधिकारी का रोड शो

 

 

कैसे करें इस रोग से बचाव?

डॉक्टर बताते हैं, मेनिंगोकोकल रोग का इलाज एंटीबायोटिक दवाओं से किया जाता है। लक्षणों को ठीक रखने के लिए आपको अन्य दवाएं और उपचार दी जा सकती हैं।

हाथों की स्वच्छता का ध्यान रखना, बीमार लोगों से दूर रहना इस संक्रामक रोग से बचाव के लिए जरूरी है। हाथों को अच्छी तरह से धोना और गंदे हाथों से अपनी आंखें, नाक या मुंह को छूने से बचना बैक्टीरिया के फैलने से रोकने में मदद करता है।  जिन स्थानों पर संक्रमण का जोखिम देखा जा रहा है वहां वैक्सीनेशन बहुत जरूरी है।


Spread the love
  • Related Posts

    वीसीके के बाद IUML ने दिया टीवीके को समर्थन,तमिलनाडु में थलापति विजय की सरकार का रास्ता साफ

    Spread the love

    Spread the loveतमिलनाडु में सरकार गठन की तस्वीर अब लगभग साफ हो गई है। वीसीके ने आधिकारिक तौर पर टीवीके प्रमुख विजय को समर्थन देने का एलान कर दिया है।…


    Spread the love

    पंजाब- मंत्री संजीव अरोड़ा गिरफ्तार: रेड के दाैरान ED ने किया अरेस्ट, मान बोले-मोदी हमें नहीं झुका सकते

    Spread the love

    Spread the loveपंजाब के मंत्री संजीव अरोड़ा को ईडी ने गिरफ्तार कर लिया है। शनिवार सुबह से अरोड़ा के चंडीगढ़ स्थित आवास पर ईडी की रेड चल रही है। सेक्टर…


    Spread the love