CBI की बड़ी कार्रवाई: 1.70 लाख रुपये की रिश्वत लेते रेलवे के सीनियर डीएमएम रंगे हाथ गिरफ्तार, जांच शुरू

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केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने बनारस रेल मंडल में बड़ी कार्रवाई करते हुए वरिष्ठ मंडल सामग्री प्रबंधक नितेश अग्रवाल को 1.70 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया है।

फर्नीचर ठेकेदार से मांगी थी रिश्वत
मिली जानकारी के अनुसार, सीनियर डीएमएम नितेश अग्रवाल ने रेलवे में फर्नीचर सप्लाई करने वाले एक ठेकेदार से बिल पास करने और ठेके के एवज में रिश्वत की मांग की थी। ठेकेदार ने इसकी शिकायत सीबीआई से की। शिकायत का सत्यापन करने के बाद सीबीआई की टीम ने जाल बिछाया और अधिकारी को रिश्वत की रकम लेते ही मौके पर दबोच लिया।
देर रात से ठिकानों पर छापेमारी जारी
अधिकारी की गिरफ्तारी के बाद सीबीआई की टीम देर रात से ही नितेश अग्रवाल के दफ्तर और सरकारी आवास सहित अन्य ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी कर रही है।

दस्तावेजों की जांच
सीबीआई की टीम अधिकारी के परिजनों और संबंधित कर्मचारियों से पूछताछ के साथ-साथ संपत्ति व बैंक खातों से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेजों को खंगाल रही है।

घूसखोरी और धांधली पर पूर्व में भी हो चुकी है कार्रवाई 
पूर्वोत्तर रेलवे (NER) के विभिन्न मंडलों में भ्रष्टाचार और रिश्वतखोरी के खिलाफ केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) का अभियान लगातार जारी है। बीते कुछ महीनों में सीबीआई द्वारा की गई ताबड़तोड़ छापेमारियों और गिरफ्तारियों से रेल महकमे में खलबली मचा हुआ है। ठेकेदारों से रिश्वत मांगने से लेकर महत्वाकांक्षी योजनाओं में अनियमितता तक, सीबीआई ने अधिकारियों के ठिकानों पर रेड मारकर कई बड़े मामलों का पर्दाफाश किया है।

जुलाई 2025: ‘गति शक्ति’ प्रोजेक्ट में धांधली पर बड़ी छापेमारी
हाल ही में जुलाई 2025 में सीबीआई ने केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी ‘गति शक्ति’ परियोजना में बड़ी अनियमितता और घूसखोरी की शिकायत पर वाराणसी और लखनऊ में रेलवे अधिकारियों के कई ठिकानों पर एक साथ बड़े पैमाने पर छापेमारी की। इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया और कई वरिष्ठ अधिकारी जांच के दायरे में आ गए हैं।

अक्टूबर 2024: 2 लाख रुपये की रिश्वत लेते सीनियर DEN गिरफ्तार
इससे पहले अक्टूबर 2024 में सीबीआई की टीम ने डीआरएम (DRM) कार्यालय में नाटकीय अंदाज में छापा मारा था। कार्रवाई के दौरान वरिष्ठ मंडल अभियंता (सीनियर डीईएन-द्वितीय) सत्यम कुमार सिंह को एक ठेकेदार से 2 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया था।

अप्रैल 2024: सीनियर सेक्शन इंजीनियर चढ़ा था हत्थे
भ्रष्टाचार के खिलाफ इस अभियान की शुरुआत अप्रैल 2024 में हुई थी, जब सीबीआई ने पूर्वोत्तर रेलवे के ही एक अन्य वरिष्ठ सेक्शन इंजीनियर संजय कुमार को रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया था।
जांच एजेंसी का कड़ा संदेश
लगातार हो रही इन कार्रवाइयों से यह साफ है कि रेलवे में जारी ठेकेदारी प्रथा और विकास परियोजनाओं में किसी भी प्रकार के भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सीबीआई सूत्रों का कहना है कि आने वाले दिनों में कुछ और अधिकारियों पर भी गाज गिर सकती है।

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