शाहजहांपुर जिले में दुष्कर्म का शिकार बनी मदनापुर क्षेत्र के एक गांव निवासी किशोरी ने बृहस्पतिवार रात सीएचसी में बच्चे को जन्म दिया। किशोरी और तीमारदारी में जुटी उसकी मां ने बच्चा कहीं फेंकने की बात कही, तो अधीक्षक डॉ. ओमेंद्र राठौर ने पुलिस को बुला लिया। समय से पहले जन्मे नवजात की हालत नाजुक देख उसे अस्पताल के इन्क्यूबेटर में रखा गया है।
मानसिक रूप से 17 वर्षीय मंदित किशोरी से बाबू नाम के युवक ने दुष्कर्म किया था। किशोरी के गर्भवती होने पर उसकी मां ने गत 23 जून को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मदनापुर पुलिस इस मामले में आरोपी को पहले ही जेल भेज चुकी है। इस बीच, ग्रामीणों के तानों से दुखी होकर किशोरी को उसकी मां लेकर एक अन्य गांव में चली गई और वहां मंदिर के अहाते में रहने लगी। मां-बेटी की दयनीय हालत देख ग्रामीण उनकी मदद करते रहे।
साढ़े आठ माह के पुत्र को दिया जन्म
बृहस्पतिवार को प्रसव पीड़ा होने पर किशोरी को लेकर उसकी मां सीएचसी पहुंची। वहां किशोरी ने साढ़े आठ माह के पुत्र को जन्म दिया। बच्चा पैदा होने के बाद किशोरी और उसकी मां बच्चे को कहीं फेंकने अथवा किसी दूसरे व्यक्ति को देने की जिद करने लगीं। यह देखकर अधीक्षक के निर्देश पर लेखाकार विवेक मेहरोत्रा ने इसकी जानकारी चाइल्ड हेल्पलाइन सहित स्थानीय थाने और मदनापुर पुलिस को दी।
उप निरीक्षक प्रमोद कुमार तथा नेहा सैनी ने सीएचसी पहुंचकर मामले की जानकारी ली। चिकित्सा अधीक्षक के अनुसार बच्चे की हालत अभी नाजुक है ओर उसे सामान्य होने तक भर्ती रखा जाएगा।







