strong>हल्द्वानी: स्लग-नजूल की भूमि पर भू माफियाओं का कब्जा।

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हल्द्वानी: स्लग-नजूल की भूमि पर भू माफियाओं का कब्जा।

एंकर,हल्द्वानी शहर में करोड़ो रूपये की बेशकीमती सरकारी नजूल की जमीन पर भू माफियाओं की नजर है भू माफियाओं ने जिस तरह से सरकारी अफसरों से साठ गांठ कर बड़े पैमाने पर कारोड़ो रूपये की जमीन पर अवैध कब्जा कर डाला है खासबात यह है ऐसे मामलों में प्रदेश सरकार द्वारा भू माफिया के खिलाफ अभियान चलाकर कार्यवाही के दिये निर्देश के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी मौन सधे हुऐ है।
ताजा मामला हल्द्वानी शहर के पटेल चौका के समीप का है जहां भू माफियाओं ने जिम्मेदार अधिकारियों की सांठ गांठ से सरकारी नजूल की भूमि पर अवैध रूप होटल का निर्माण कर डाला मामले का खुलासा सूचना के अधिकार से हुआ है जिसमें साफ साफ नजूल की भूमि पर अतिक्रमण किया है वही शिकायतकर्ता दंपत्ति परिवार पिछले तीन साल से कार्यवाही को लेकर दर दर भटक रहा है लेकिन अधिकारी कार्यवाही तो दूर शिकायतकर्ता की बात सुनने को तैयार नही हैं वही मामला मुख्यमंत्री दरबार तक पहुच चुका है लेकिन वह से भी शिकायतकर्ता को कोई उम्मीद मिलती नही दिख रही है जिसके बाद शिकायतकर्ता ने न्यायलय में जाने की चेतवानी दी है।
बताते चले कि यूं तो सूबे में भाजपा सरकार आने के बाद सीएम पुष्कार सिंह धामी द्वारा सरकारी नजूल और धार्मिक स्थलों की जमीन पर कब्जा करने वाले भूमाफियाओं के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाते हुऐ कार्यवाही की थी जो कार्यवाही आज भी जारी है। लेकिन सरकार ऐ कार्यवाही हल्द्वानी में दम तोड़ती नजर आ रही है क्योकि मामला रसुखदारों से जुड़ा है जिन्होने मोटी पकड़ और साठ गांठ के चलते हल्द्वानी शहर के पटेल चौक के समीप सरकारी नजूल की भूमि पर अवैध होटल का निर्माण कर डाला वही शिकायतकर्ता द्वारा की गई शिकायत के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी कागजो पर सरकार की प्राथमिकता पूरी कर रहे है वही मुख्यमंत्री से लेकर कुमाऊ कमिश्नर के आदेशों के बावजूद भू माफिया का होटल नजूल की भूमि पर बेरोकटोक संचालित है वही भू माफियाओं ने बिना प्राधिकरण के नक्शा पास करवायें होटल का निर्माण कर डाला है जो एक अपने आप में सोचने का विषय है इसके आलावा भू माफियाओं द्वारा नजूल कि भूमि की खुलेआम बिक्री की जा रही है लेकिन जिम्मेदार है कि शिकायत के बाद भी इस ओर अपनी आंखें मुंदे हुए हैं।

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वीओ–इधर शिकायतकर्ता दंपत्ति ने कहा कि पटेल चौक के पास एक बर्षो पुरीनी बिल्डिंग थी तथा उक्त बिल्डिंग में उनके पिता की भी एक दुकान थी जिसका किराया वह एक नैनवाल नाम के व्यक्ति देते आ रहे थे लेकिन बीते बर्ष 2019 में उक्त बिल्डिंग आग लग गई जिसके बाद प्रशासन ने उक्त बिल्डिंग को जर्जर बताते हुए खाली करा दिया था इसी बीची नैनवाल ने नगर निगम के अधिकारियों की सांठगांठ से उक्त भूमि पर बड़े होटल का निर्माण कर दिया उन्होंने बताया कि सूचना के अधिकार से पता चला की जिस भूमि पर निर्माण किया गया है वह भूमि नजूल की है उन्होने कहा कि एक और जहां सरकार नजूल कि भूमि पर हुऐ अतिक्रमण को खाली करने को लेकर कार्रवाई कर रही है वही दुसरी और उसके अधिकारी भूमाफियाओं से साठ गांठ कर सरकारी नजूल की भूमि पर अतिक्रमण को बढ़ा दे रहे है जो एक सोचने का बिषय है ।उन्होने कहा कि वह उक्त नजूल की भूमि पर हुए अतिक्रमण पर कार्यवाही लेकर मुख्यमंत्री से लेकर कुमाऊ कमिश्नर से मिल चुके हैं जिन्होने कार्यवाही के आदेश भी दिये है लेकिन नगर निगम में बैठे कुछ अधिकारी कार्यवाही तो दूर मुख्यमंत्री और कमिश्नर के आदेश को माने को तैयार नही है उन्होने कहा कि जल्द ही उनके द्वारा इस मामले में उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया जाएगा।

इधर ,सुराज सेवादल के जिला अध्यक्ष राजेंद्र अधिकारी ने कड़ी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि एक और जहां सरकार नजूल की भूमि पर हुए अतिक्रमण को लेकर कार्रवाई कर रही है वही अधिकारी भू माफियाओं से मिलकर सरकारी भूमि पर अतिक्रमण को बढ़ावा दे रहे हैं जो एक निंदनीय है उन्होंने कहा कि अगर जल्दी हल्द्वानी के पटेल चौक के पास हुऐ नजूल की भूमि पर अतिक्रमण पर कार्रवाई नहीं की गई तो सुराज सेवादल नगर निगम कार्यालय पर धरना देने को बाध्य होगा जिसकी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी।

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