अयोध्या में लागू होगा कॉमन बिल्डिंग कोड, राम मंदिर के पास की इमारतें एक ही शेप-कलर में दिखेंगी

सीएम योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या को एक मॉडल शहर के तौर पर विकसित करने के लिए महायोजना-2031 के लिए प्लान तैयार करने के निर्देश दिए हैं. साथ ही उन्होंने श्रीरामजन्मभूमि मंदिर के आस-पास के क्षेत्रों में कॉमन बिल्डिंग कोड लागू करने को भी कहा है. महायोजना के तहत अयोध्या को इको फ्रेंडली और सोलर शहर के रूप में विकसित किया जाएगा.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या को श्रीरामजन्मभूमि मंदिर के आस-पास के इलाकों में कॉमन बिल्डिंग कोड लागू करने का आदेश दिया है. इसके तहत राम मंदिर के आस-पास की सभी इमारतें एक ही शेप और रंग में बनाई जाएंगी. इसके अलावा उन्होंने अयोध्या को सुनियोजित शहर के रूप में विकसित करने के लिए प्रस्तावित महायोजना-2031 का प्लान तैयार करने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने कहा कि महायोजना के मूल में ईज ऑफ लिविंग हो.

सीएम ने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि के आस-पास के क्षेत्र को धार्मिक भू-उपयोग के रूप में प्रस्तावित किया जाए. यहां के प्राचीन कुंडों के संरक्षण की कार्ययोजना समयबद्ध रूप से पूरा किया जाए. त्रेतायुगीन ऋषियों, विदुषी नारियों व अन्य महान चरित्रों के नाम पर अयोध्या में चौराहों के नाम होंगे. वहीं सीएम ने सख्त अंदाज में कहा कि अयोध्या में अनियंत्रित विकास को हर दशा में रोका जाए. ऐसी गतिविधियां स्वीकार नहीं की जाएंगी.
महायोजना के तहत अयोध्या को क्लाइमेट फ्रेंडली शहर का रूप देना होगा. सीएम ने निर्देश दिया कि सरयू में चलने वाली बोट, स्टीमर आदि ग्रीन फ्यूल आधारित हों. श्रीरामजन्मभूमि परिसर के आस-पास इको फ्रेंडली वाहनों को चलाने की अनुमति दी जानी चाहिए.
महायोजना में शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को दुरुस्त करने, इंडस्ट्रियल और कॉमर्शियल क्षेत्रों का प्रावधान किया गया है. इसके अलावा उन्होंने शहर में बेहतरीन पार्किंग की व्यवस्था करने को कहा है.
ने कहा कि दूसरे जिलों से आने वाले श्रद्धालुओं-पर्यटकों की सुविधा के लिए उनके वाहनों को ऑफ सीजन में श्रीरामजन्मभूमि मंदिर से अधिकतम 2 किमी. पहले और पर्व-त्योहारों के अवसर पर अधिकतम 5 किमी. पहले ही पार्किंग की सुविधा दी जानी चाहिए. इसके बाद शटल बस, इलेक्ट्रिक वाहन की सुविधा उपलब्ध रहे.
छह हाईवे पर बनाए जाएंगे प्रवेश द्वार
अयोध्या महायोजना 2031 के तहत अयोध्या शहर में आने वाले मार्गों लखनऊ, सुलतानपुर, रायबरेली, अम्बेडकर नगर, गोरखपुर और गोंडा रोड पर 6 प्रवेश बनाए जाएंगे. सीएम ने इसके लिए जगह का चयन कर सभी मार्गों पर ट्रान्सपोर्ट सुविधाओं को चिह्नित करने को कहा है.
अयोध्या में 24×7 पेयजल उपलब्ध कराए जाने के लिए वॉटर एक्शन प्लान और वॉटर बैलेन्स प्लान तैयार करने को कहा है. इसके अलावा सीवर नेटवर्क को अंडर ग्राउंड करने, अयोध्या को सोलर सिटी के रूप में विकसित करने तय समय में पूरा करने के लिए कहा है.

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