इलेक्ट्रिक स्कूटी कंपनी की डीलरशिप दिलाने के नाम पर गौरेला के एक ऑटो पार्ट्स कारोबारी से 3 लाख 60 हजार 500 रुपए की ऑनलाइन ठगी का मामला सामने आया है। आरोपियों ने खुद को कंपनी का अधिकृत प्रतिनिधि बताकर कारोबारी को डीलरशिप दिलाने का भरोसा दिया और पंजीयन, प्रक्रिया व अन्य शुल्क के नाम पर अलग-अलग बैंक खातों में रकम ट्रांसफर कराई। रकम मिलने के बाद डीलरशिप नहीं दी गई और आरोपियों ने संपर्क करना बंद कर दिया। कारोबारी की शिकायत पर गौरेला पुलिस ने अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
डीलरशिप लेने में रुचि दिखाने के बाद अलग-अलग मोबाइल नंबरों से कथित आरोपियों ने खुशीराम यादव से संपर्क किया। उन्होंने खुद को कंपनी की डीलरशिप दिलाने के लिए अधिकृत व्यक्ति बताया और पूरी प्रक्रिया कराने का भरोसा दिया। उनके निर्देश पर कारोबारी ने अलग-अलग तारीखों में बताए गए बैंक खातों में रकम जमा कराई।
शिकायत के अनुसार 28 अगस्त को 75,500 रुपए, 3 सितंबर को 2,000 रुपए, 4 सितंबर को 90,000 रुपए और 5 सितंबर को 1 लाख 93 हजार रुपए समेत अन्य लेनदेन के जरिए कुल 3 लाख 60 हजार 500 रुपए ट्रांसफर किए गए। रकम जमा करने के बाद जब कारोबारी ने डीलरशिप के संबंध में जानकारी मांगी तो आरोपी टालमटोल करने लगे। बाद में उन्होंने फोन उठाना और संपर्क करना बंद कर दिया। इसके बाद कारोबारी ने 11 सितंबर को थाना गौरेला में लिखित शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने मामले में अपराध दर्ज कर मोबाइल नंबरों, बैंक खातों और ऑनलाइन लेनदेन की जांच शुरू कर दी है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि ठगी में कितने लोग शामिल हैं और आरोपियों ने कंपनी के नाम का इस्तेमाल किस तरह किया।







