रामनगर कॉर्बेट टाइगर रिजर्व की ढेला रेंज स्थित रेस्क्यू सेंटर में रह रहे दो बाघ अब ओडिशा के चिड़ियाघर की शोभा बढ़ा सकते हैं। ओडिशा के चिड़ियाघर की ओर से बाघों को लेने की मांग की गई है। इसके बाद बाघों के स्थानांतरण को लेकर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। भारत सरकार से मंजूरी मिलने के बाद ही बाघों को भेजा जाएगा।
पूर्व में भी भेजे जा चुके हैं दो बाघ
पूर्व के वर्षों में भी रेस्क्यू सेंटर से दो बाघों को देहरादून जू में भेजा गया था, जो आज भी वहां की शोभा को बढ़ा रहे हैं। वहीं अब दो और बाघों को भेजने की तैयारी हैं।
कम होगा रेस्क्यू सेंटर में दबाव
वर्ष 2020 में बाघ और तेंदुओं को रखने के लिए 10-10 बाड़ों को निर्माण कराया गया था। बढ़ती संख्या को देखते हुए विगत वर्ष 5-5 बाड़े और बनाए गए, लेकिन मौजूदा स्थिति के अनुसार, सभी 15-15 बाड़ों में क्षमता से अधिक वन्यजीव रह रहे हैं। रेस्क्यू सेंटर से बाघों के स्थानांतरित होने से रेस्क्यू सेंटर का दबाव भी कम होगा।
ओडिशा से दो बाघों की मांग को लेकर पत्र आया है। उच्चस्तर और भारत सरकार में बाघों की मांग को लेकर विचार चल रहा है। अनुमति मिलने के बाद ही बाघों को स्थानांतरित किया जाएगा। -डॉ. साकेत बडोला, निदेशक, सीटीआर।






