अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौता जरूर होगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना अच्छा मित्र बताते हुए कहा कि दोनों देशों के संबंध मजबूत हैं और व्यापार वार्ता सही दिशा में आगे बढ़ रही है। व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा, ‘हम समझौते तक पहुंचेंगे, क्योंकि मुझे आपके प्रधानमंत्री बहुत पसंद हैं। वह मेरे अच्छे मित्र हैं। हमारे संबंध बहुत अच्छे हैं और हम एक व्यापार समझौता करेंगे’।
भारत ने कई वर्षों तक अमेरिकी नीतियों का फायदा उठाया’
व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान दोनों देशों के बीच चल रहे व्यापार समझौते के बारे में पूछे गए एक सवाल का जवाब देते हुए ट्रंप ने कहा कि कई वर्षों तक भारत ने अमेरिका पर ऊंचे आयात शुल्क लगाए। उन्होंने दावा किया कि भारत अमेरिकी उत्पादों पर भारी टैरिफ वसूलता था, जबकि अमेरिका को उसका समान लाभ नहीं मिलता था। ट्रंप ने कहा कि अब स्थिति बदल गई है और अमेरिका भारत के साथ व्यापार से अच्छा राजस्व प्राप्त कर रहा है। उन्होंने कहा, ‘हम एक समझौते तक पहुंचेंगे, क्योंकि मुझे प्रधानमंत्री मोदी बहुत पसंद हैं। वह मेरे अच्छे मित्र हैं और हमारे संबंध बहुत अच्छे हैं’।
1974 के ट्रेड एक्ट की धारा 301 के तहत फैसला
अमेरिकी प्रशासन का कहना है कि यह कदम 1974 के ट्रेड एक्ट की धारा 301 के तहत उठाया जा रहा है। अमेरिका के अनुसार, जबरन श्रम से बने उत्पादों के आयात को रोकने में विफल रहने वाली नीतियां अमेरिकी व्यापार और कारोबार पर बोझ डालती हैं। इसके अलावा यूएसटीआर ने छह अर्थव्यवस्थाओं को विशेष रूप से चिन्हित किया है, जिन पर जबरन श्रम से बने उत्पादों के आयात पर प्रतिबंध को प्रभावी ढंग से लागू नहीं करने का आरोप लगाया गया है। इनमें यूरोपीय संघ, पाकिस्तान और कनाडा समेत अन्य अर्थव्यवस्थाएं शामिल हैं।






