प्रधानमंत्री मोदी ने रविवार (31 मई) को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 134 वें एपिसोड में देशवासियों को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने तमाम समसामयिक मुद्दों की तरफ देश का ध्यान आकृष्ट किया। प्रधानमंत्री ने मन की बात कार्यक्रम के दौरान, देश में पड़ रही भीषण गर्मी से लोगों को बचे रहने की सलाह दी है।
प्रधानमंत्री ने कहा, इस समय देश के ज्यादातर हिस्सों में बहुत गर्मी पड़ रही है। तेज धूप, गर्म हवाओं वाले ऐसे मौसम में अपनी सेहत का ध्यान रखना बहुत जरूरी है। गर्मी के कारण होने वाली दिक्कतों से बचे रहने लिए खूब पानी पीते रहिए, धूप में निकलना पड़े तो थोड़ा संभल कर निकलें। इस दिशा में सरकार की ओर से जो गाइ़डलाइंस जारी की गई हैं, उनका भी विशेष ध्यान रखिए।
आइए जानते कि इस संबोधन में पीएम ने सेहतमंद रहने के लिए और कौन से सुझाव दिए हैं?
किचन में मौजूद हैं गर्मी से बचाव के तरीके
मन की बात कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने कहा, हमारे यहां गर्मी से लड़ने और इस मौसम में स्वस्थ रहने का तरीका कई बार आसानी से आपकी रसोई में ही मिल जाता है। जैसे-जैसे गर्मी बढ़ती है, वैसे-वैसे रसोई का स्वाद भी बदल जाता है, रसोई का प्रकार बदल जाता है।
- कहीं लोग मटके का पानी पीना शुरू कर देते हैं, रसोई में दही जमाना शुरू कर दिया जाता है।
- कच्चे आम उबालकर इसे पीने के साथ देसी पेय का दौर भी शुरू हो जाता है। इससे आप सभी परिचित हैं।
- उत्तर भारत में आम पन्ना, पंजाब-हरियाणा में लस्सी मिल जाती है। राजस्थान-गुजरात में छाछ, बिहार-झारखंड में सत्तू के शरबत की तो बात ही क्या है, पेट भी भरता है और सेहत भी ठीक रहती है।
- कोंकड़ और गोवा में कोकम शरबत, दक्षिण भारत में पानकम और ओडिशा में बेल पना। ये सिर्फ पेय नहीं भारत के अलग-अलग हिस्से की परंपराओं का हिस्सा हैं। इसमें एक भारत श्रेष्ठ भारत की झलक भी मिलती है।
- इनमें से ज्यादातर चीजें हमारे खेत-खलिहानों और रसोई से निकली हैं।
- आप भी गर्मी के दौरान इन पेय का खूब सेवन करिए। ये स्वाद के साथ सेहत का खजाना हैं और आपको लू से बचाने में भी मददगार हैं।
गर्मियों में आम, सेहत के लिए खास
गर्मी आते ही एक और चर्चा हर घर में शुरू हो जाती है- वो है आम। आम, आम चर्चा का विषय होता है। भारत में शायद ही कोई ऐसा घर होगा जहां गर्मियों में आम की बात न होती हो।
हर इलाके का अपना आम, अपना स्वाद और अपनी खुशबू होती है। उन्होंने कहा कि ‘मन की बात’ के माध्यम से मैं आम की पैदावार से जुड़े अपने किसान भाई-बहनों की प्रशंसा करूंगा। आप देश की कृषि अर्थव्यवस्था के लिए आम किसान नहीं बहुत विशेष हैं, ऐसे ही छाए रहिए।
प्रधानमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान आम और आम के पन्ने का जिक्र किया। गौरतलब है कि गर्मी के मौसम में स्वास्थ्य विशेषज्ञ आम को सेहत के लिए कई प्रकार से फायदेमंद बताते हैं। आम स्वाद का ही नहीं अच्छी सेहत का भी खजाना माना जाता है।
- इनमें पानी की मात्रा अधिक होने के कारण शरीर को प्राकृतिक रूप से हाइड्रेशन मिलता है।
- आम में मौजूद विटामिन-सी और एंटीऑक्सीडेंट्स आपके इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाते हैं।
- इसके अलावा आम फाइबर का भी अच्छा स्रोत है, ये पाचन में भी मदद करते हैं।
- कच्चे आम के पन्ने का सेवन दशकों से लू से बचने के लिए किया जाता रहा है। गर्मी के दौरान पसीने से से निकल जाने वाले जरूरी इलेक्ट्रोलाइट्स की भरपाई के लिए भी आम का सेवन लाभकारी माना जाता है।









