जर्मनी: रक्षा मंत्री राजनाथ ने पनडुब्बी बनाने वाले संयंत्र का दौरा किया, नौसेना की आधुनिक तकनीकें देखी

Spread the love

क्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अपने आधिकारिक दौरे के दौरान जर्मनी के कील शहर में टीकेएमएस के पनडुब्बी बनाने वाले संयंत्र का दौरा किया। वहां उन्हें नौसेना की आधुनिक तकनीकों और क्षमताओं के बारे में जानकारी दी गई।

इस दौरे में उनके साथ जर्मनी के रक्षा मंत्री बोरिस पिस्टोरियस भी मौजूद थे। यह सुविधा आधुनिक और उन्नत पनडुब्बियां बनाने के लिए जानी जाती है। रक्षा मंत्री ने बुधवार को सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए इस दौरे को ‘काफी जानकारी देने वाला’ बताया। उन्होंने कहा कि यहां दिखाई गई तकनीक और संचालन क्षमता काफी प्रभावशाली है।

उन्होंने यह भी कहा कि इस दौरे से उन्हें आधुनिक पनडुब्बी निर्माण और समुद्री क्षेत्र में हो रहे नए विकास को करीब से समझने का मौका मिला, जो आज के समय में वैश्विक सुरक्षा के लिए बहुत अहम है।

पनडुब्बी निर्माण स्थल का अवलोकन किया
उन्होंने पनडुब्बी निर्माण स्थल का अवलोकन किया और अधिकारियों से बातचीत भी की। इस दौरान उन्हें डिजाइन, इंजीनियरिंग और तैनाती से जुड़ी कई अहम बातें समझाई गईं। उन्होंने कुछ तस्वीरें भी साझा कीं, जिनमें वह भारत और जर्मनी के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ डॉकयार्ड में बातचीत करते और जानकारी लेते नजर आए।

समुद्री क्षेत्र में सहयोग मजबूत करेंगे भारत-जर्मनी
राजनाथ सिंह ने कहा कि इस तरह के दौरे दोनों देशों के बीच समुद्री क्षेत्र में सहयोग को और मजबूत करेंगे। यह दौरा ऐसे समय पर हुआ है जब भारत और जर्मनी के बीच रक्षा सहयोग लगातार बढ़ रहा है। इसमें तकनीक साझा करना, साथ मिलकर विकास करना और नौसेना की ताकत बढ़ाना शामिल है। भारत अपनी पनडुब्बी क्षमता और समुद्री ताकत को मजबूत करने पर ध्यान दे रहा है और जर्मनी जैसे देशों के साथ सहयोग उसी दिशा में एक अहम कदम है।

और पढ़े  Earthquake: भूकंप में अब तक 132 मौतें, 570+ घायल, दुनियाभर से मदद, तबाही पर मैक्रों-रुबियो क्या बोले?

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने जर्मन समकक्ष से मुलाकात की
इससे पहले बुधवार को राजनाथ सिंह ने बर्लिन में अपने जर्मन समकक्ष बोरिस पिस्टोरियस से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने रक्षा सहयोग बढ़ाने और बदलती वैश्विक चुनौतियों से निपटने पर चर्चा की।

उन्होंने सुरक्षा और रक्षा से जुड़े कई मुद्दों पर बात की, खासकर नई तकनीकों के क्षेत्र में मिलकर काम करने और उत्पादन बढ़ाने पर।  रक्षा मंत्रालय के अनुसार, दोनों देशों ने सैन्य सहयोग को अपनी रणनीतिक साझेदारी का अहम हिस्सा बनाने पर सहमति जताई।


Spread the love
  • Related Posts

    व्हाइट हाउस से सबसे युवा प्रेस सचिव लेविट की विदाई,अब क्या होगी नई भूमिका?

    Spread the love

    Spread the loveअमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बुधवार को (स्थानीय समय) घोषणा की कि व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट महीने के अंत में अपना पद छोड़ देंगी।…


    Spread the love

    कई राज्यों में मौसम की मार,18 अगस्त तक बारिश के आसार,भूस्खलन में कई मौतें, IMD अलर्ट में क्या?

    Spread the love

    Spread the loveदेश के कई राज्यों में लगातार बारिश ने जनजीवन को प्रभावित किया है। मुंबई से हिमाचल प्रदेश और ओडिशा से जम्मू-कश्मीर तक कहीं भूस्खलन हुआ है तो कहीं…


    Spread the love