चुनाव कर्मियों के मताधिकार को लेकर चुनाव आयोग को घेरा
केरल की सत्ताधारी पार्टी वाम लोकतांत्रिक मोर्चा ने चुनाव आयोग से विधानसभा चुनावों में मतदान कर्मियों और चुनावी ड्यूटी में लगे कर्मचारियों के मताधिकार सुनिश्चित करने का आग्रह किया है। पार्टी ने पोस्टल बैलेट प्रणाली में गंभीर खामियों और स्पष्टता की कमी का आरोप लगाया है। पार्टी का दावा है कि समय पर मतपत्र नहीं पहुंचने से कई अधिकारी बिना वोट दिए लौट गए।
टीएमसी का मतलब टेरर, मर्डर और क्राइम- अनुराग ठाकुर
भाजपा सांसद अनुराग सिंह ठाकुर ने पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि टीएमसी का मतलब टेरर, मर्डर और क्राइम है। बंगाल में भ्रष्टाचार, शोषण और माफियागीरी चरम पर है। सीएम ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए ठाकुर ने कहा कि पिछले 15 वर्षों में राज्य में भ्रष्टाचार और महिलाओं पर अत्याचार बढ़ा है, जबकि युवाओं की स्थिति भी चिंताजनक है। मालदा की घटना को लेकर उन्होंने कहा कि यह कोई सामान्य घटना नहीं बल्कि एक बड़ा षड्यंत्र था। अधिकारियों को रोके जाने की घटना का जिक्र करते हुए उन्होंने राज्य की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए।
एमसीएमसी की मंजूरी के बिना 8-9 अप्रैल को विज्ञापन नहीं
केरल में निर्वाचन आयोग ने 9 अप्रैल को होने वाले विधानसभा चुनाव में भाग लेने वाले सभी राजनीतिक दलों एवं उम्मीदवारों को मतदान के दिन तथा उससे एक दिन पहले प्रिंट मीडिया में किसी प्रकार का विज्ञापन तब तक प्रकाशित न करने के निर्देश दिए, जब तक उनकी सामग्री को मीडिया प्रमाणन एवं निगरानी समिति (एमसीएमसी) अनुमति न दे दे।
आयोग ने यह निर्देश संविधान के अनुच्छेद 324 के तहत प्राप्त अधिकारों का प्रयोग करते हुए जारी किया। केरल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी रतन यू केलकर ने कहा, प्रस्तावित विज्ञापन को उसकी प्रकाशन की तिथि से कम से कम दो दिन पहले राज्य या जिला एमसीएमसी को जमा करने होंगे। चुनाव के अंतिम चरण के दौरान प्रिंट मीडिया में प्रकाशित आपत्तिजनक, भ्रामक या भड़काऊ विज्ञापन पूरी चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित कर सकते हैं। ऐसे नाजुक मोड़ पर प्रभावित पक्षों और उम्मीदवारों को अक्सर आवश्यक खंडन प्रस्तुत करने का अवसर नहीं मिलता है।
तमिलनाडु के विकास के लिए दिल्ली की टीम को हराना जरूरी- उदयनिधि
तमिलनाडु के उपमुख्यमंत्री उदयनिधि स्टालिन ने दिल्ली की टीम पर कड़ा प्रहार किया। उन्होंने लोगों से इस टीम को हराने का आह्वान करते हुए दावा कि वह राज्य के विकास की राह में रोड़ा अटका रही है। उन्हें सत्ता से दूर रखना जरूरी है। उदयनिधि ने शनिवार को सिंगमपुनारी में चुनावी सभा में कहा कि 23 अप्रैल को होने वाला चुनाव बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने इसे द्रमुक के विकास कार्यों और तमिलनाडु के हितों के खिलाफ काम करने वाली दिल्ली की टीम यानी केंद्र के बीच मुकाबला बताया। उदयनिधि ने कहा, हमें दिल्ली की टीम व संघी समूह को हराना होगा और यह साबित करना होगा कि तमिलनाडु में उनके लिए कोई जगह नहीं है।
द्रमुक-कांग्रेस भ्रमित, राजग थका गठबंधन- विजय
टीवीके प्रमुख विजय ने शनिवार को पुडुचेरी में सत्तारूढ़ और विपक्षी गठबंधनों पर जमकर निशाना साधा। विजय ने द्रमुक-कांग्रेस को भ्रमित और एआईएनआरसी-भाजपा गठबंधन को थका हुआ करार दिया। विजय ने दोनों राष्ट्रीय दलों की आलोचना करते हुए कहा कि केंद्र में वर्षों तक सत्ता में रहने के बावजूद वे पुडुचेरी को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने में विफल रहे। उन्होंने मतदाताओं से सीटी चुनाव चिह्न पर मुहर लगाकर एक उंगली की क्रांति लाने की अपील की। विजय ने वादा किया कि टीवीके सरकार उपराज्यपाल के हस्तक्षेप के बिना कानूनी रूप से पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने के लिए 100 फीसदी प्रयास करेगी।







