पश्चिम एशिया संघर्ष- इस्राइली हमले में घायल हुए मोजतबा, बढ़ते हमलों के बीच आईडीएफ का बड़ा दावा

पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष दिन-प्रतिदिन और भयावह होता जा रहा है। अमेरिका और इस्राइल के भीषण हमलों से दहक रहे मोर्चे पर ईरान भी जोरदार पलटवार कर रहा है। मिसाइलों और ड्रोन की गरज के बीच यह संघर्ष अब दसवें दिन में प्रवेश कर चुका है और पूरे क्षेत्र में तनाव चरम पर है। इसी बीच अब इस्राइली सेना का एक और बड़ा दावा सामने आ रहा है। इस्राइली सुरक्षा अधिकारियों ने का मानना है कि इस्राइली हमले में मारे गए ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता आयातुल्ला अली खामेनेई के बेटे मोजतबा खामेनेई हाल ही में इस्राइल के तरफ से किए गए हवाई हमले में बूरी तरह घायल हो गए। हालांकि इस्राइली सेना ने अपने दावे में इस बात को भी माना की अभी मोजतबा जिंदा हैं।

बता दें कि इससे पहले ईरानी विपक्षी चैनल ईरान इंटरनेशनल ने दावा किया था कि मोजतबा को उनके पिता के उत्तराधिकारी यानी ईरान के नए सर्वोच्च नेता के तौर पर एसेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स द्वारा चुन लिया गया है। हालांकि, न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, वरिष्ठ ईरानी धर्मगुरुओं के पास मोजतबा खामेनेई को तुरंत सर्वोच्च नेता घोषित करने में कुछ संदेह है। उनका डर है कि ऐसा करने से अमेरिका और इस्राइल उन्हें सीधे निशाने पर ले सकते हैं।

 

इस्राइली सेना ने दिए घातक संकेत
मामले में इस्राइली रक्षा सेना (आईडीएफ) के प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल एफी डिफ्रिन ने बताया कि बीते दिनों इस्राइल सेना ने ईरान के कोम में उस इमारत को निशाना बनाया, जिसमें 88 सदस्यों वाली एसेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स बैठती है। ये समिति ईरान के अगले सर्वोच्च नेता का चुनाव करती है। डिफ्रिन ने कहा कि आईडीएफ ईरान के नए सर्वोच्च नेता को चुनने के प्रयासों को रोकने के लिए और हमले कर सकती है।

और पढ़े  सऊदी अरब के दो हवाई अड्डों पर हमले: 3 लोगों की मौत, होर्मुज के वैकल्पिक मार्ग पर भी मंडराया खतरा?
  • Related Posts

    2026 शारदीय नवरात्रि- शारदीय नवरात्रि आज से शुरू,जानें पूजा विधि-भोग और आरती…

    हर वर्ष आश्विन माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से शारदीय नवरात्रि की शुरुआत होती है। इस साल 11 अक्तूबर 2026 से नवरात्रि का शुभारंभ हो रहा है। पहले…

    नेपाल में कुदरत का कहर: बुढ़ी गंडकी नदी में अचानक आई बाढ़, देखते ही देखते बह गए कई घर, गांवों में मचा हड़कंप

    नेपाल के गोरखा जिले में रविवार सुबह बुढ़ी गंडकी नदी ने अचानक विकराल रूप धारण कर लिया। नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने के साथ तेज बहाव में मिट्टी और…