इन दिनों ईरान-अमेरिका और इस्राइल के बीच युद्ध चल रहा है। ईरान और अमेरिका इस्राइल पर हमले कर रहे हैं और इस्राइल भी इन दोनों देशों पर हमला कर रहा है। यही नहीं, इस्राइल अमेरिका के अलग-अलग देशों में बने दूतावासों समेत अन्य जगहों पर हमले कर रहा है।
अब तो ये युद्ध लोगों को डराने लगा है क्योंकि इस युद्ध के कारण महंगाई से लेकर पेट्रोल के दामों को लेकर लोगों को चिंता सता रही है। माना जा रहा है कि अगर युद्ध लंबा चला तो इसका असर पेट्रोल के दामों पर पड़ सकता है और इससे भारत भी अछूता नहीं रह पाएगा। तो चलिए जानने की कोशिश करते हैं कि अगर ईरान-अमेरिका और इस्राइल के बीच चल रहा ये युद्ध लंबा चलता है, तो भारत में एक लीटर पेट्रोल का दाम कितना हो सकता है।
कैसे बढ़ते हैं पेट्रोल के दाम?
- पेट्रोल के दाम क्रूड ऑयल यानी कच्चे तेल की कीमतों पर निर्भर करते हैं
- जैसे-जैसे कच्चे तेल की कीमतें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ती हैं, वैसे-वैसे पेट्रोल के दामों में भी इजाफा देखा जाता है
- कोई भी देश जितने ऊंचे दाम पर कच्चा तेल खरीदता है, उतने ही महंगे पेट्रोल के दाम होते हैं
कच्चे तेल का क्या है कीमत?
- बीते शनिवार से अब तक कच्चे तेल की कीमतों में लगभग 15 फीसदी की बढ़ोतरी हो चुकी है
- कच्चा तेल लगभग 84 डॉलर प्रति बैरल पहुंच चुका है
- एक साल के भीतर ये इसका उच्चतम स्तर है
कितनी बढ़ सकती है कच्चे तेल की कीमत?
- कच्चे तेल की कीमत पिछले शनिवार से अब तक लगभग 15 फीसदी तक बढ़ चुकी है
- माना जा रहा है कि अगर ईरान-अमेरिका और इस्राइल का युद्ध लंबा चलता है, तो क्रूड ऑयल का भाव 150 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच सकता है
भारत में कितना हो सकता है एक लीटर पेट्रोल का भाव?
- जिस तरह से लगातर क्रूड ऑयल के भाव बढ़ रहा हैं, उससे लग रहा है आने वाले दिनों में ये और महंगा हो सकता है
- भारत का लगभग आधा तेल होर्मुज स्ट्रेट से आता है, जहां पर जहाजों की आवाजाही को लगभग बंद कर दिया गया है
- ऐसे में कच्चे तेल के भाव अगर बढ़ते हैं तो जानकार मान रहे हैं कि भारत में एक लीटर पेट्रोल पर 10-12 रुपये बढ़ सकते हैं
- हालांकि, भारत कच्चे तेल के लिए दूसरे विकल्पों को देख रहा है जिससे भारत में पेट्रोल के दाम न बढ़े








