उत्तराखंड मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना के तहत राज्य की अविवाहित, तलाकशुदा, निराश्रित, विधवा, परित्यक्ता, ट्रांसजेंडर, एसिड, अपराध पीड़ित महिलाएं पात्र हैं, जिनकी आयु 21 से 50 वर्ष के बीच होनी चाहिए। योजना के लिए आवेदक की वार्षिक आय 72,000 से अधिक नहीं होनी चाहिए।
विभागीय अधिकारियों के मुताबिक योजना के तहत शुरुआत में दो हजार महिलाओं को लाभान्वित करने का लक्ष्य रखा गया है लेकिन विभिन्न जिलों से मिले आवेदनों के माध्यम से अब तक 484 महिलाओं का चयन किया गया है। जिसमें बागेश्वर जिले से 42, देहरादून से 191, नैनीताल से 75, पौड़ी गढ़वाल से 66, टिहरी गढ़वाल से 23 और ऊधमसिंह नगर जिले की 87 महिलाएं शामिल हैं।
डेढ़ लाख रुपये तक मिलेगा अनुदान
महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने वाली इस योजना में 50 से 75 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा। लाभार्थी को केवल 25 प्रतिशत का योगदान करना होगा।