ट्रंप प्रशासन की प्रवासन नीति को लगा झटका, मिनेसोटा में पिता-पुत्र के निर्वासन पर जज ने लगाई रोक

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मेरिका में एक फेडरल जज ने एक बहुत ही अहम आदेश दिया है जिसमें एक पांच साल के इक्वेडोर बच्चे और उसके पिता को निर्वासित करने से रोक दिया गया है। यह फैसला अमेरिका के दक्षिणी टेक्सास के सत्र न्यायालय में सुनाया गया।

क्या है पूरा मामला?

 

  • पांच साल के लियम कोनेजो रामोस और उनके पिता एड्रियन अलेक्जेंडर कोनेजो एरियस को पहले मिनेसोटा से गिरफ्तार किया गया था।
      • जज फ्रेड बियरी ने कहा है कि जब तक उनके मामले की सुनवाई नहीं हो जाती, तब तक उन्हें निर्वासित या दूसरे स्थान पर भेजा नहीं जा सकता।
        • अब वे दोनों टेक्सास के डिली परिवार डिटेंशन सेंटर में हैं।

        यह गिरफ्तारी क्यों विवादित है?
        पड़ोसियों और स्कूल अधिकारियों ने कहा कि एजेंटों ने बच्चे को चालबाजी के लिए इस्तेमाल किया। उनका कहना है कि एजेंटों ने बच्चे से कहा कि वह घर के दरवाजे को खटखटाए ताकि उसकी मां दरवाजा खोले। लेकिन होमलैंड सिक्योरिटी विभाग (डीएचएस) ने इस आरोप को खारिज किया और कहा कि पिता भाग गए और बच्चे को गाड़ी में अकेला छोड़ दिया। वहीं पिता और बच्चे के वकील ने कहा है कि उनके पास अमेरिका में शरण का मामला चल रहा है, जिसका मतलब है कि उन्हें देश से तुरंत बाहर नहीं निकाला जा सकता।

        मिनेसोटा गोलीबारी के बीच ट्रंप का आयोवा दौरा
        उधर, राष्ट्रपति ट्रंप आयोवा के दौरे पर जा रहे हैं। यह दौरा व्हाइट हाउस की उस रणनीति का हिस्सा है, जिसमें आम लोगों के लिए बढ़ती महंगाई और खर्चों पर ध्यान दिया जा रहा है। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने बताया कि ट्रंप पहले एक स्थानीय व्यवसाय का दौरा करेंगे और फिर डेस मोइन्स के पास क्लाइव शहर के होराइजन इवेंट्स सेंटर में ‘अफोर्डेबिलिटी’ यानी सस्ती जिंदगी और खर्च कम करने पर भाषण देंगे। यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब मिनेसोटा में फेडरल इमिग्रेशन अधिकारियों से जुड़ी दूसरी घातक गोलीबारी के बाद सरकार को कड़ी आलोचना का सामना करना पड़ रहा है। हाल ही में एलेक्स प्रेटी नाम के एक आईसीयू नर्स की मौत हो गई, जिन्हें फेडरल एजेंट्स ने गोली मार दी थी। व्हाइट हाउस ने कहा है कि राष्ट्रपति ट्रंप जांच पूरी होने का इंतजार करेंगे।

        मिडटर्म चुनावों से पहले अलग-अलग राज्यों का दौरा करेंगे ट्रंप
        यह दौरा सरकार की ऊर्जा नीति को भी उजागर करेगा। साथ ही यह उस योजना का हिस्सा है, जिसके तहत ट्रंप मिडटर्म चुनावों से पहले हर हफ्ते वॉशिंगटन से बाहर अलग-अलग राज्यों का दौरा करेंगे। ट्रंप इससे पहले भी मिशिगन, पेंसिल्वेनिया और नॉर्थ कैरोलिना जैसे राज्यों में इसी मुद्दे पर जा चुके हैं। हालांकि कई बार वह महंगाई से हटकर दूसरे विषयों पर भी बयान दे देते हैं, जिससे विवाद खड़ा हो जाता है।

        ट्रंप के दौरे से रिपब्लिकन पार्टी को उम्मीद
        रिपब्लिकन पार्टी को उम्मीद है कि इस दौरे से हाल ही में पास हुए टैक्स कट और खर्च से जुड़े कानून पर फिर से ध्यान जाएगा। सांसद जेक नन ने कहा कि इससे कामकाजी परिवारों को टैक्स राहत, बॉर्डर सुरक्षा और अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का संदेश जाएगा। हालांकि आयोवा आमतौर पर रिपब्लिकन समर्थक रहा है, लेकिन यहां की चार में से दो सीटें इस बार कड़ी टक्कर वाली मानी जा रही हैं। डेमोक्रेट्स भी पूरी ताकत से मैदान में हैं और गवर्नर पद के लिए रॉब सैंड पर बड़ा दांव लगा रहे हैं, जिनके पास 13 मिलियन डॉलर का चुनावी फंड है।

 

 


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