बिल्ली ने कर दी 60 हजार लोगों के घरों की बत्ती गायब,8 घंटे बाद आई बिजली, जानें क्या है मामला।।

महाराष्ट्र में एक बिल्ली की वजह से साठ हजार लोगों को बिना बिजली के करीब आठ घंटे तक रहना पड़ा। यह मामला पुणे जिले के पास स्थित पिंपरी चिंचवाड़ शहर का है। यहां के कुछ इलाकों में सुबह गुल हुई बत्ती दोपहर में लौटकर आ सकी। आइए जानते हैं आखिर यह पूरा मामला क्या है। जानकारी के अनुसार, राज्य के बिजली विभाग के अधिकारियों ने इस संबंध में बताया कि महाराष्ट्र में पुणे के पास पिंपरी चिंचवाड़ शहर के कुछ इलाकों में बुधवार को घंटों तक बिजली गुल रही।उन्होंने इसकी वजह एक बिल्ली को बताया। दरअसल, एक बिल्ली ट्रांसमिशन उपकरण पर चढ़ गई थी, जिससे तकनीकी खराबी आ गई। इस तकनीकी खराबी की वजह से ही करीब 60,000 उपभोक्ताओं के घरों-प्रतिष्ठानों में बिजली गुल हो गई। विभाग के अधिकारियों के अनुसार, पिंपरी चिंचवाड़ के भोसरी, अकुर्दी और आसपास के इलाकों में सुबह छह बजे बिजली गुल हो गई थी। उन्होंने कहा कि इन इलाकों में दोपहर करीब दो बजे बिजली आपूर्ति बहाल हो पाई।
एमएसईडीसीएल के एक अधिकारी ने बताया कि बुधवार सुबह भोसरी में एक बिल्ली 22 केवी के एक ट्रांसफार्मर में घुस गई थी, जिसके बाद भोसरी, अकुर्दी और आसपास के इलाकों में बिजली गुल हो गई। एमएसईडीसीएल की ओर से जारी एक विज्ञप्ति में कहा गया है कि बिल्ली बिजली के उपकरण पर चढ़ गई, जिससे तकनीकी खराबी आ गई। हालांकि बिल्ली की मौत हो गई। बिजली गुल होने से कम से कम 60,000 उपभोक्ता प्रभावित हुए। अधिकारी ने कहा कि वैकल्पिक बिजली सब-स्टेशनों का उपयोग करने वाले अधिकारियों के प्रयासों के कारण बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई।

और पढ़े  सूडान: बाजार पर सेना के ड्रोन हमले में 100 से अधिक लोगों की मौत-: मानवाधिकार संगठन ने जताई चिंता
  • Related Posts

    बिहार: कटिहार में नाश्ते की दुकान पर सिलिंडर ब्लास्ट, चार मासूम समेत पांच झुलसे, दो की हालत गंभीर

    बिहार के कटिहार जिले में नाश्ते की दुकान पर अचानक एलपीजी सिलिंडर ब्लास्ट होने से बड़ा हादसा हो गया। धमाके के बाद दुकान में अफरा-तफरी मच गई। हादसे में चार…

    भारतीय सेना को इसरो से मिली ताकत: युद्ध के समय पूरी ताकत से काम करेगा ‘नाविक’, अमेरिकी असहयोग की क्या भूमिका?

    भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) ने जीएसएसएलवी-एफ18 रॉकेट के जरिये एनवीएस-03 सैटेलाइट को उसकी सटीक कक्षा में सफलतापूर्वक स्थापित कर दिया है। यह भारत के स्वदेशी सैटेलाइट नेविगेशन सिस्टम ‘नाविक’…