यह बडी खबर चमोली से है,जहां शासन प्रशासन और परियोजना की तरफ से जनता के साथ वादाखिलाफी करने के कारण लोगों ने आत्मदाह करने तक जैसे गंभीर कदम उठाए हैं,तो इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि जनता के साथ चारों ओर से किस तरह का बरताव किए जा रहे हैं।
अपने अधिकारों के लिए आंदोलन कर रहे जोशीमठ विकास खंड के हाट गांव के ग्रामीणों ने जल विद्युत परियोजना के द्वारा उनकी समस्याओं का समाधान नहीं करने के कारण नवयुवक संघ अध्यक्ष सहित पांच लोगों ने अपने ऊपर डीजल डालकर आत्मदाह करने तक का प्रयास किया ।जेष्ठ प्रमुख के अनुसार लंबे समय से टीएचडीसी एचसीसी विद्युत परियोजना निर्माण से प्रभावित ग्रामीणों ने अपनी मांगों को लेकर कई बार वार्ता की।और प्रशासन के सामने भी कंपनी द्वारा की जा रही वादाखिलाफी की शिकायत की थी। लेकिन लगातार ग्रामीणों की अनदेखी की जा रही है।
इसके चलते आक्रोशित ग्रामीण अब आत्मदाह करने जैसी स्थिति में पहुंच गए हैं,जब शासन प्रशासन और कंपनी प्रबंधन की तरफ से ग्रामीणों के साथ संवेदनहीन व्यवहार किया जा रहा है। उनके साथ जो समझौते कंपनी निर्माण के समय हुए थे,अब उन सब को दरकिनार किया जा रहा है। इसी कारण आज ग्रामीणों में से 5 लोगों ने आत्मदाह जैसे कदम उठाए।
वही ग्राम प्रधान राजेंद्र अटवाल ने कहा कि विकास के लिए वह हमेशा तत्पर रहे हैं और अपनी काश्तकारी की भूमि को परियोजना के लिए समझौते के अनुसार दी थी। लेकिन विद्युत परियोजना लगातार निर्माण कर रही है। लेकिन जिन समझोतों पर कंपनी प्रबंधन से अनुबंध हुआ था उस पर आप कंपनी में प्रबंधन किनारा कर रही है।









