ईरान ने अमेरिका को कड़ी चेतावनी दी है कि अगर उसने ईरान पर जमीनी हमला किया, तो उसे भीषण नरक यानी मुहंतोड़ कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। ईरान के एक सैन्य सूत्र ने कहा है कि इस संभावित हमले की खबर के बाद देश में लड़ने का जोश बढ़ गया है। सूत्र के मुताबिक, अब तक करीब 10 लाख लड़ाके तैयार किए जा चुके हैं। इनमें बड़ी संख्या में युवा शामिल हैं, जो खुद आगे आकर सेना में जुड़ने की मांग कर रहे हैं। ये लोग खास तौर पर बासिज फोर्स, आईआरजीसी (ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड), और नियमित सेना के जरिए शामिल हो रहे हैं।
अमेरिका की हर रणनीति के लिए तैयार- ईरान
ईरान ने यह भी कहा कि अगर अमेरिका होर्मुज जलडमरूमध्य को खोलने के लिए खतरनाक या आत्मघाती रणनीति अपनाता है, तो भी वे तैयार हैं। उनका कहना है कि वे हर स्थिति में इस रास्ते को बंद रखने की क्षमता रखते हैं। बता दें कि होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे अहम तेल मार्गों में से एक है, जहां से बड़ी मात्रा में तेल सप्लाई होती है।
अमेरिका-इस्राइल ने ईरान पर बोला हमला
इस पूरे तनाव की शुरुआत तब हुई जब 28 फरवरी को अमेरिका और इस्राइल ने मिलकर ईरान पर बड़ा हमला किया। इस हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई और कई बड़े सैन्य कमांडरों की मौत हो गई। इसके बाद से दोनों पक्षों के बीच लगातार जवाबी हमले हो रहे हैं।
ईरान अमेरिका-इस्राइल पर कर रहा पलटवार
अमेरिका और इस्राइल ने ईरान के कई सैन्य और कुछ नागरिक ठिकानों पर हवाई हमले किए, जिससे काफी नुकसान और जान-माल की हानि हुई। इसके जवाब में ईरान ने भी मिसाइल और ड्रोन से अमेरिकी और इस्राइली ठिकानों पर हमले किए हैं। इसके बाद से पश्चिम एशिया में हालात बहुत तनावपूर्ण हैं और अगर जमीनी युद्ध शुरू हुआ, तो यह संघर्ष और बड़ा और खतरनाक हो सकता है।








