वित्त वर्ष 2026-27 का केंद्रीय बजट संसद में आज पेश किया जाएगा। इतिहास में पहली बार रविवार के दिन वित्त मंत्री का बजट भाषण होगा। इस संबंध में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की ओर से की गई औपचारिक घोषणा में बताया गया था कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी 2026 के दिन संसद में बजट पेश करेंगी। अब जबकि पहली बार देश का आम बजट रविवार के दिन सदन पटल पर रखा जाना है, आइए जानते हैं आम बजट 2026-27 पेश किए जाने का पूरा कार्यक्रम।
मोरारजी देसाई के रिकॉर्ड के करीब पहुंचीं सीतारमण
बजट 2026-27 वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के लिए व्यक्तिगत तौर भी पर खास है। यह उनका लगातार नौवां बजट होगा। इस बार का बजट पेश करते ही वित्त मंत्री सीतारमण पूर्व वित्त मंत्री मोरारजी देसाई द्वारा स्थापित सर्वाधिक बजट पेश करने के रिकॉर्ड के बेहद करीब पहुंच जाएंगी। मोरारजी देसाई ने अपने कार्यकाल में कुल 10 बजट पेश किए थे। निर्मला सीतारमण अब उस ऐतिहासिक आंकड़े से महज एक कदम दूर हैं।
28 जनवरी से हुई बजट सत्र की शुरुआत
-
- राष्ट्रपति का अभिभाषण: सत्र का आगाज 28 जनवरी को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के संबोधन से हुआ। उन्होंने लोकसभा कक्ष में दोनों सदनों के सदस्यों की संयुक्त बैठक को संबोधित किया।
-
- आर्थिक सर्वेक्षण: राष्ट्रपति के अभिभाषण के बाद, वित्त मंत्री ने संसद के दोनों सदनों में 29 जनवरी को आर्थिक सर्वेक्षण पेश किया।
13 फरवरी से 9 मार्च तक रहेगा अवकाश
संसदीय प्रक्रियाओं और बजट प्रस्तावों की बारीकी से जांच सुनिश्चित करने के लिए सत्र को दो चरणों में विभाजित किया गया है-
- पहला चरण: 28 जनवरी से शुरू होकर 13 फरवरी तक
- अवकाश: 13 फरवरी के बाद सत्र स्थगित रहेगा और 9 मार्च को दोबारा शुरू होगा। इस अंतराल का उपयोग संसदीय समितियों द्वारा बजट प्रस्तावों की जांच के लिए किया जाएगा।
- दूसरा चरण: 9 मार्च से शुरू होकर 2 अप्रैल तक चलने की उम्मीद है।
सरकार ने 1 फरवरी को आधिकारिक तौर पर ‘बजट दिवस’ के रूप में नामित किया है। रविवार को बजट पेश करने का निर्णय और निर्मला सीतारमण का नौंवा बजट, आगामी सत्र को राजनीतिक और आर्थिक दोनों ही लिहाज से महत्वपूर्ण बनाता है। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी होंगी कि वित्त वर्ष 2026-27 के लिए सरकार क्या आर्थिक रोडमैप पेश करती है।








