न्यूजीलैंड से एफटीए को पीएम मोदी ने बताया मील का पत्थर,कई समझौते को मंजूरी

प्रधानमंत्री मोदी अपनी तीन देशों की यात्रा के आखिरी पड़ाव पर न्यूजीलैंड पहुंचे हैं। 40 साल बाद किसी भारतीय प्रधानमंत्री का यह पहला न्यूजीलैंड दौरा है। पीएम की इस यात्रा के दौरान व्यापार, रक्षा और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के लिए दोनों देशों के बीच कई अहम समझौतों पर मुहर लग सकती है।

 

 

पीएम मोदी ने साझा की स्वागत समारोह की झलकियां

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर न्यूजीलैंड के ऑकलैंड स्थित गवर्नमेंट हाउस में अपने औपचारिक स्वागत की झलकियां साझा कीं। अपने ट्वीट में उन्होंने लिखा, ‘ऑऑकलैंड के गवर्नमेंट हाउस में औपचारिक स्वागत पाकर सम्मानित महसूस कर रहा हूं। पारंपरिक माओरी पोविरी न्यूजीलैंड की समृद्ध विरासत और परंपराओं का एक भावपूर्ण प्रतिबिंब था।’

न्यूजीलैंड के पीएम लक्सन ने साझा कीं पीएम मोदी की यात्रा की झलकियां; कही यह बड़ी बात

न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन ने ऑकलैंड के गवर्नमेंट हाउस में प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा की झलकियां साझा कीं, जहां उनका औपचारिक स्वागत किया गया और गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। उन्होंने प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता के दौरान प्रधानमंत्री मोदी के साथ हुई अपनी मुलाकात की झलकियां भी साझा कीं। अपने ट्वीट में प्रधानमंत्री  क्रिस्टोफर लक्सन ने लिखा, ‘न्यूजीलैंड और भारत हिंद-प्रशांत क्षेत्र के दो छोरों पर स्थित हैं, लेकिन यह दूरी हमारी अर्थव्यवस्थाओं को विकसित करने के लिए मिलकर काम करने में कोई बाधा नहीं है। यही हम अपने मुक्त व्यापार समझौते के माध्यम से कर रहे हैं, जिसके तहत भारत को बेचे जाने वाले हमारे 57% सामानों पर पहले ही दिन से सीमा शुल्क (टैरिफ) समाप्त हो जाएगा।

और पढ़े  अमेरिका- 'मिस्टर सिंह' वाले विज्ञापन पर मचा बवाल, सरकार ने हटाया पोस्ट, क्यों हुआ इतना विरोध?

प्रतिनिधिमंडल मंडल की बैठक में क्या बोले न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन?

प्रतिनिधिमंडल मंडल की बैठक न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन ने कहा, ‘आज यहां आपकी मेजबानी करना मेरे लिए खुशी और सम्मान की बात है। यह वास्तव में एक ऐतिहासिक घटना है। जिसके बारे में हमने कल रात बात की थी, क्योंकि 40 वर्षों में किसी भारतीय प्रधानमंत्री की न्यूजीलैंड की यह पहली यात्रा है। यह यात्रा न्यूजीलैंड-भारत संबंधों में भी एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। जब मैंने पिछले साल भारत का दौरा किया था, तो आपने मेरा और मेरे प्रतिनिधिमंडल का बड़े ही गर्मजोशी और उदारता से स्वागत किया था, और इसलिए मुझे यहां आपका स्वागत करते हुए बहुत खुशी हो रही है। हमारे संबंधों के लिए धन्यवाद और आपने व्यक्तिगत रूप से इसमें जो योगदान दिया है, उसके लिए भी धन्यवाद।’ उन्होंने आगे कहा, ‘मुझे लगता है कि हमने व्यापार के एजेंडे पर बहुत कम समय में जबरदस्त प्रगति की है। लेकिन आज का फोकस सिर्फ मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) से कहीं अधिक है। यह इस बात पर है कि हम इस रिश्ते में आगे कहां जाते हैं और इसे कैसे व्यापक बनाते हैं। मुझे यह घोषणा करते हुए बहुत गर्व हो रहा है कि हम एक रणनीतिक साझेदारी बनाएंगे जो इस रिश्ते को और अधिक ढांचा और विस्तार प्रदान करेगी ताकि हम आगे बढ़ते हुए इसका विस्तार जारी रख सकें।’

प्रतिनिधिमंडल की बैठक में क्या बोले पीएम मोदी?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन के साथ प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता की। इस अवसर पर बोलते हुए उन्होंने कहा, ‘मुझे अत्यंत प्रसन्नता है कि 40 वर्षों के बाद एक भारतीय प्रधानमंत्री ने न्यूजीलैंड का दौरा किया है। आपकी आर्थिक राजधानी में इस कार्यक्रम का आयोजन करके आपने भारत और न्यूजीलैंड के संबंधों को नई मजबूती प्रदान करने का अवसर दिया है। मैं अत्यंत आभारी हूं। न्यूजीलैंड के लोगों का भारत के प्रति स्नेह देखना एक अत्यंत भावपूर्ण अनुभव है जो मेरे हृदय को छू जाता है, और इसके लिए भी मैं आपका बहुत आभारी हूं। यह हमारे संबंधों में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर है, जो हमारे संबंधों को पुनर्जीवित करता है और मित्रता के प्रति हमारी प्रतिबद्धता की पुष्टि करता है। जब आपने भारत का दौरा किया, तब मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) प्रक्रिया शुरू हुई, जिस तरह से पूरे न्यूजीलैंड ने इतने कम समय में एफटीए को साकार करने के लिए एकजुट होकर काम किया, शायद इतनी तेजी से सफलता प्राप्त करने का यह एक वैश्विक उदाहरण है। इस उपलब्धि के लिए मैं आपके नेतृत्व, आपकी सरकार और आपकी टीम के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त करता हूं।’

और पढ़े  गुरुग्राम हिट-एंड-रन केस: आरोपी बोला- मैं इंटरनेशनल कबड्डी खिलाड़ी हूं, गलती हो गई, पिटाई के डर से भागा था

उन्होंने आगे कहा, ‘आपने पिछले वर्ष होली के त्योहार के दौरान भारत का दौरा किया था। आपकी यात्रा ने हमारे संबंधों में होली के रंगों की तरह नए रंग भर दिए। आज हम एक रणनीतिक साझेदारी के माध्यम से अपने संबंधों को और मजबूत कर रहे हैं। यह उपलब्धि हमें और अधिक ऊर्जा और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी। लोकतांत्रिक मूल्यों में हमारी दृढ़ आस्था हमें स्वाभाविक साझेदार बनाती है। इसके अलावा, दो समुद्री राष्ट्रों के रूप में हमारा घनिष्ठ सहयोग हिंद-प्रशांत क्षेत्र को नई शक्ति प्रदान करता है, और हमारा संबंध शांति के हमारे साझा लक्ष्यों को प्राप्त करने में नई ऊर्जा का संचार कर सकता है। मुझे विश्वास है कि यह यात्रा हमारे द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करेगी और वैश्विक शांति, स्थिरता और सुरक्षा में हमारे संयुक्त योगदान को बढ़ाएगी। हम शांति के लिए उत्प्रेरक के रूप में कार्य कर सकते हैं, शांति की वकालत कर सकते हैं और शांति के माध्यम से वैश्विक कल्याण की दिशा में काम कर सकते हैं।

  • Related Posts

    साइनस: बंद नाक ने सांस लेना कर दिया था मुश्किल, दवाएं भी हो रही थीं बेअसर, फिर आई सामने हैरान करने वाली वजह

    बंद नाक, खांसी या रात को सांस लेने में परेशानी होना काफी आम समस्या है। मौसम बदलते ही ज्यादातर लोगों को ये दिक्कतें शुरू हो जाती हैं। कुछ लोगों को…

    भारतीय युद्धपोत से भिड़ा पाकिस्तानी जहाज: दिल्ली से लेकर इस्लामाबाद तक हलचल, भारत ने पाक राजनियक को किया तलब

    अरब सागर में अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र के भीतर भारतीय नौसेना के एक जहाज और पाकिस्तानी नौसेना के पोत की टक्कर के बाद भारत ने पाकिस्तान के प्रभारी राजनयिक को तलब कर…