योजनाओं की मंजूरी- रेलवे के 10 लाख कर्मियों को मिला दिवाली बोनस, बिहार के लिए ₹6 हजार करोड़ की परियोजनाओं को मंजूरी

Spread the love

 

 

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को रेलवे कर्मचारियों के लिए 1,866 करोड़ रुपये के उत्पादकता-आधारित बोनस (पीएलबी) को मंजूरी दे दी। इससे 10.90 लाख कर्मचारियों को उनके अच्छे प्रदर्शन के लिए लाभ मिलेगा।

बिहार को 6 हजार करोड़ रुपये की परियोजनाएं

केंद्रीय कैबिनेट ने बिहार के बख्तियारपुर-राजगीर और झारखंड के तिलैया के बीच 104 किलोमीटर की रेल दोहरीकरण परियोजना को भी मंजूरी दी है। इस पर करीब 2,192 करोड़ रुपये की लागत आएगी। केंद्रीय कैबिनेट ने बिहार के लिए लगभग छह हजार करोड़ रुपये की योजनाओं को मंजूरी दी है।

 

केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि यह बोनस उनके 78 दिनों के वेतन के बराबर है। हर साल दुर्गा पूजा/दशहरा की छुट्टियों से पहले पात्र रेल कर्मचारियों को पीएलबी का भुगतान किया जाता है। पिछले साल मोदी सरकार ने रेल कर्मचारियों के लिए 2,029 करोड़ रुपये के बोनस को मंज़ूरी दी थी। इससे 11,72,240 कर्मचारियों को लाभ हुआ था।

एक पात्र रेल कर्मचारी को 78 दिनों के लिए अधिकतम देय राशि 17,951 रुपये है। यह राशि कई प्रकार के रेल कर्मचारियों को दी जाएगी। इनमें ट्रैक मेंटेनर, लोकोमोटिव पायलट, ट्रेन मैनेजर (गार्ड), स्टेशन मास्टर, सुपरवाइजर, तकनीशियन, तकनीशियन हेल्पर, पॉइंट्समैन, मंत्रालयिक कर्मचारी और अन्य ग्रुप ‘सी’ कर्मचारी शामिल हैं। सरकार ने कहा, “वर्ष 2024-25 में रेलवे का प्रदर्शन बहुत अच्छा रहा। रेलवे ने रिकॉर्ड 1614.90 मिलियन टन माल ढुलाई की और लगभग 7.3 बिलियन यात्रियों को ढोया।” वैष्णव ने बताया कि केंद्रीय मंत्री ने नेशनल शिप बिल्डिंग मिशन को भी मंजूरी दी है।

 

जहाज निर्माण के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 69,725 करोड़ रुपये

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को भारत के जहाज निर्माण और समुद्री पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने के लिए 69,725 करोड़ रुपये के व्यापक पैकेज को भी मंजूरी दी। यह मिशन घरेलू क्षमता को मजबूत करने, दीर्घकालिक वित्तपोषण में सुधार करने, ग्रीनफील्ड और ब्राउनफील्ड शिपयार्ड विकास को बढ़ावा देने, तकनीकी क्षमताओं और कौशल को बढ़ाने तथा मजबूत समुद्री बुनियादी ढांचे के निर्माण के लिए कानूनी, कराधान और नीतिगत सुधारों को लागू करने के लिए बनाया गया है।

और पढ़े  संसद में भारी हंगामे के आसार: चार बड़े बिल पेश करने की तैयारी में सरकार, क्या विपक्ष से बन पाएगी बात?

सूचना व प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में मंत्रिमंडल द्वारा लिए गए निर्णयों की जानकारी देते हुए यह बात कही। इस पैकेज के तहत, जहाज निर्माण वित्तीय सहायता योजना (एसबीएफएएस) को 24,736 करोड़ रुपये की कुल राशि के साथ 31 मार्च 2036 तक बढ़ाया जाएगा।

इस योजना का उद्देश्य भारत में जहाज निर्माण को प्रोत्साहित करना है और इसमें 4,001 करोड़ रुपये के आवंटन के साथ एक शिपब्रेकिंग क्रेडिट नोट भी शामिल है। सभी पहलों के कार्यान्वयन की निगरानी के लिए एक राष्ट्रीय जहाज निर्माण मिशन भी स्थापित किया जाएगा। इसके अलावे, इस क्षेत्र के लिए दीर्घकालिक वित्तपोषण उपलब्ध कराने हेतु 25,000 करोड़ रुपये की राशि के साथ समुद्री विकास कोष (एमडीएफ) को मंजूरी दी गई है। जहाज निर्माण विकास योजना का बजटीय परिव्यय 19,989 करोड़ रुपये है।


Spread the love
  • Related Posts

    न्यायाधिकरणों में नियुक्तियों के लिए बनेगा राष्ट्रीय आयोग, अगले सप्ताह लोकसभा में आएगा विधेयक

    Spread the love

    Spread the loveविभिन्न न्यायाधिकरणों के अध्यक्षों और सदस्यों के चयन के लिए एक आयोग गठित करने वाला विधेयक अगले सप्ताह लोकसभा में पेश किया जाएगा। यह कदम सुप्रीम कोर्ट के…


    Spread the love

    दिल्ली-एनसीआर में बारिश के बाद दो किलोमीटर लंबा भीषण जाम, रेंगते दिखे वाहन

    Spread the love

    Spread the loveराजधानी दिल्ली और उससे सटे एनसीआर के शहरों में सफर करने वाले लोगों के लिए आज का दिन भारी परेशानियों भरा रहा। झमाझम बारिश और कांवड़ यात्रा के…


    Spread the love