बुरहानपुर / मध्यप्रदेश : छोटी मछली का शिकार, बड़ी मछली का इंतजार, डोईफोड़िया में सत्ता लिखने वाले को पुलिस ने किया गिरफ्तार..

*छोटी मछली का शिकार, बड़ी मछली का इंतजार, डोईफोड़िया में सत्ता लिखने वाले को पुलिस ने किया गिरफ्तार*
*मुखिया का शिकार कब?लगातार सत्ता पत्ते की खबर से लगने से खकनार पुलिस द्वारा की गई करवाई*

बुरहानपुर जिले में पत्ता सट्टा का कारोबार कई वर्षों से फल फूल रहा है
। कई सालों से ग्राम खकनार एवं दोईफोड़िया में सत्ता पत्ता जोरो पर। खकनार पुलिस द्वारा थाना प्रभारी के. पी. धुर्वे के निर्देशानुसार एक टीम दोईफोड़िया रवाना हुई। जहाँ किशन गिर पिता नारायण गिर को सत्ता लिखते हुवे पुलिस ने गिरफ्तार किया। जिसमें उसके पास से 5 पर्ची, 2 लीड, कार्बन, नगदी 1000 रुपये जप्त किये। पुलिस टीम में पी एस आई शेलेन्द्र सिंह, एस आई शंकर लोने, आरक्षक विजय सोनी, चालक संदीप कासडे द्वारा छापेमार की करवाई की गई। बड़ा सवाल इस सत्ता लिखने वाले के पीछे कौन कौन। क्या खकनार पुलिस पकड़े गए युवक से पूछताछ करके सट्टे पत्ते के कर्ता धर्ता को पकड़ पाएगी। पकडा गया व्यक्ति क्या बयान देंगा।

आपको बता दे कई सालों से सत्ता पत्ता ग्राम खकनार दोईफोड़िया में चल रहा है। लगातार खबर प्रकाशित होने से सट्टेबाज सर्तक। अब पर्ची का उपयोग नही हो रहा है। फोन पर , व्हाटसअप के मध्यम से सत्ता लिखना चालू है। खकनार पुलिस का अगला कदम क्या होगा। दूसरे शब्दों में कहा जाए तो बस एक प्रकार रस्म अदा हो चुकी है। खकनार थाने से कुछ दूरी पर हनुमानजी मंदिर के पीछे सट्टे का बाजार चालू है। आस पास के गांव निमंदड, शेखापुर, भोराघट ऐसे कई गांवों को मिलाकर सट्टे पत्ते का नेटवर्क चल रहा है। खकनार जनपद को कम से कम 20 से 25 गांव लगे है। जिसका केंद्र बिंदु खकनार है। सोचने वाली बात यह है कि पुलिस समय समय पर अपना काम करती रहती है उसके बाद भी सट्टा मफिया ये अवैध कारोबार बन्द नही करते हैं इससे इतना तो तय होता हैं कि इन काला बजारियो के ऊपर राजनेताओ का सय और अधिकारियो की मिली भगत से ये सारे काम हो रहें हैं क्युकी जिला प्रशासन द्वारा इतनी शक्ति बरतने के बाद भी किसी को कोई फर्क नहीं पड़ता है कही ना कही पुलिस अधिकारी के उपर भी ऊंगली उठते नज़र आ रही है अब देखना यह है कि पुलिस प्रशासन का अगला कदम क्या होगा

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