बिंदुखत्ता को राजस्व गांव का दर्जा दिलाने की दिशा में अब प्रयास और तेज हो गए हैं। क्षेत्रीय विधायक डॉ. मोहन बिष्ट ने राज्य के मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन से मुलाकात कर शासनादेश जारी करने की मांग की।
इस पर मुख्य सचिव ने आश्वासन दिया कि वनाधिकार अधिनियम (एफआरए) के तहत बिंदुखत्ता को राजस्व गांव का दर्जा दिलाने के लिए विशेषज्ञ अधिकारियों की मदद से विभागीय स्तर पर विधिक रूप से संतुष्ट कराया जाएगा।
मुख्य सचिव ने इस संबंध में पूर्व में हरिद्वार के जिलाधिकारी रहे धीराज गर्ब्याल सहित चार अधिकारियों को भी चर्चा के लिए बुलाया है। इससे पहले जुलाई में विधायक डॉ. बिष्ट और मुख्य सचिव के बीच हुई बैठक में समाज कल्याण विभाग, वन विभाग, जिलाधिकारी नैनीताल व तराई पूर्वी वन प्रभाग के अधिकारियों से बिंदुखत्ता समेत अन्य गांवों का डाटा एकत्र कर रिपोर्ट तैयार करने को कहा गया था। विभागों से समय पर रिपोर्ट न मिलने पर मुख्य सचिव ने हाल ही में वन सचिव को एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।








