अयोध्या स्थित राम मंदिर में राजा राम की इस बार पहली दिवाली बेहद भव्य होने जा रही है। राम मंदिर के प्रथम तल पर राम दरबार की स्थापना के बाद यह पहली दिवाली है। इस बीच राम मंदिर ट्रस्ट की ओर से श्रीराम जन्मभूमि के तीनों द्वारों का नामकरण कर दिया गया है।
एक दिन पहले धनतेरस के मौके पर राम मंदिर के मुख्य प्रवेश द्वार का नामकरण जगद्गुरु रामानंदाचार्य के नाम से हुआ था। इसके बाद दीपोत्सव के मौके पर गेट नंबर-11 (जिसे वीआईपी प्रवेश द्वार के रूप में जाना जाता है) का नामकरण जगद्गुरु आदि शंकराचार्य के नाम पर किया गया है। इसी गेट से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और अन्य विशिष्ट जन रामलला के दर्शन के लिए जाते हैं।
रंग-बिरंगी झालरों से की गई सजावट
इसी तरह राम मंदिर के गेट नंबर तीन का नामकरण जगद्गुरु मध्वाचार्य के नाम से किया गया है। राम मंदिर के तीनों प्रमुख द्वारों के नामकरण की प्रक्रिया दीपोत्सव के मौके पर पूरी हो गई है। राम मंदिर में दीपोत्सव मनाने की भव्य तैयारी की गई है। मंदिर परिसर की रंग-बिरंगी झालरों से सजावट की गई है। पूरे मंदिर को फूलों से सजाया गया है। सभी द्वारों को भी फूलों से सजाया गया है। राम मंदिर के यह सभी द्वार दीपोत्सव के मौके पर अद्भुत नजारा पेश कर रहे हैं।








