पुलिस बहुउद्देशीय भवन परिसर में मंगलवार को अपने खिलाफ दर्ज मुकदमा के लिए धरने पर बैठने वाले भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश मंत्री विपिन पांडेय को उनके पद से मुक्त कर दिया गया। संगठन की सक्रिय सदस्यता भी रद्द कर दी गई। प्रदेश अध्यक्ष शशांक रावत ने कहा कि प्रदेश मंत्री को पूर्व में भी अनुशासनहीनता पर चेताया गया था लेकिन उनके द्वारा लगातार आदेशों की अवहेलना की गई।
प्रदेश अध्यक्ष भाजपा महेंद्र भट्ट के निर्देशानुसार यह कार्रवाई की गई है। संगठन की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि भाजयुमो प्रदेश मंत्री विपिन पांडे के खिलाफ लंबे समय से अनुशासनहीनता से संबंधित शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। इन विषयों का संज्ञान लेते हुए विपिन पांडे को संगठन द्वारा तत्काल प्रभाव से पदमुक्त किया जाता है। इसके साथ ही सक्रिय सदस्यता भी रद्द की जाती है। विधायक बंशीधर भगत पर भी की गई विपिन पांडेय की टिप्पणी वायरल हुई थी।
लंबे समय अनुशासनहीनता की शिकायत मिल रही थी। मैंने स्वयं भी उन्हें चेतावनी दी थी लेकिन वह पार्टी गाइड लाइन से हटकर कार्य कर रहे थे। धरना देने से पहले उन्हें पार्टी के जिला संगठन से वार्ता कर अपनी बात रखनी चाहिए थी। भाजयुमो अनुशासन प्रिय संगठन है। ऐसी अनुशासनहीनता जो भी करेगा उसके खिलाफ कार्रवाई तय है। – शशांक रावत, प्रदेश अध्यक्ष भाजयुमो







