यूपी- बलिया वसूली कांड: रोज के 3 हजार ट्रक.. हर ट्रक से 500 की उगाही, महीने में साढ़े चार करोड़ की काली कमाई, क्या है पूरी कहानी

Spread the love

यूपी- बलिया वसूली कांड: रोज के 3 हजार ट्रक.. हर ट्रक से 500 की उगाही, महीने में साढ़े चार करोड़ की काली कमाई, क्या है पूरी कहानी

यूपी-बिहार बॉर्डर पर बलिया के नरही थाना क्षेत्र में हर दिन ट्रकों से एक थाना 15 लाख से ज्यादा वसूल रहा था। इस भंडाफोड़ से पहले बुधवार की रात वाराणसी के एडीजी जोन पीयूष मोर्डिया और आजमगढ़ के डीआईजी रेंज वैभव कृष्ण ने 22 पुलिस कर्मियों की पांच टीम के साथ एक घंटे तक रेकी की।

जानकारी के अनुसार, बुधवार की रात नौ बजे पुलिस की तीन टीम लेकर डीआईजी आजमगढ़ से और एडीजी जोन दो टीम लेकर वाराणसी से निकले थे। रात एक बजे टीम भरौली तिराहा पहुंची, मगर तय योजना के अनुसार एक भी वाहन नहीं रुका और बक्सर की ओर बढ़ गए। तय किया गया था कि अवैध वसूली करने वालों को रंगेहाथ पकड़ा जाएगा।

बक्सर की ओर से वापस आते समय रात दो बजे पुलिस टीमें फिर भरौली तिराहा पहुंची। पुलिस टीम ने देखा कि एक सिपाही बक्सर की ओर से आ रहे बालू लदे ट्रकों से पैसा ले रहा था तो उसे पकड़ लिया गया। भरौली तिराहा पर पकड़े गए सिपाही ने पुलिस को बताया कि जो वाहन गाजीपुर की ओर जाते हैं, उनसे नरही थाने की पुलिस कोरंटाडीह चौकी पर अवैध वसूली करती है।

इस सूचना पर डीआईजी, एडीजी जोन और एक इंस्पेक्टर एक ट्रक में भरौली तिराहा से सवार हुए। पांच किलोमीटर चलने के बाद कोरंटाडीह चौकी के सामने सादे कपड़ों में दो लोग ट्रकों से वसूली करते दिखे। उनका ट्रक भी पहुंचा तो उसे रुकवा कर 500 रुपये की मांग की गई। इस पर वह, एडीजी जोन और इंस्पेक्टर ट्रक से कूद कर एक सिपाही को पकड़ लिया। छापा मारने के लिए गई टीम में 90 फीसदी स्टाफ आजमगढ़ का था।

और पढ़े  शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद- सपा-कांग्रेस में मुझे इस्तेमाल करने की चतुरता नहीं, BJP मेरा साथ दे

रोज आते हैं 3,000 ट्रक हर एक से 500 की वसूली
बक्सर में नया पुल बनने के बाद बालू लदे ट्रकों की आमद बढ़ गई है। प्रतिदिन लगभग 3000 ट्रक आते हैं। स्थानीय पुलिस ने फंसने से बचने के लिए ट्रकों से अवैध वसूली के लिए दलालों को रख दिया था।

500 रुपये या उससे कुछ अधिक की वसूली हर ट्रक से होती थी। ऐसे में रोजाना 10 से 15 लाख की वसूली हो रही थी। दलाल हर ट्रक के 100 रुपये के हिसाब से अपने पास रखता था। बाकी राशि पुलिस को मिल जाती थी।

हर एक सामान का दाम फिक्स
यूपी से तस्करी होकर अवैध रूप से शराब और पशु भी बिहार ले जाए जाते थे। इनके रेट अलग थे। सूत्रों के अनुसार शराब तस्करी के पैसे थाने के कारखास वसूलते थे। वहीं, पशु तस्करी के पैसे की वसूली बक्सर के किसी होटल में होती थी।
वसूली को लेकर भरौली पुलिस पिकेट पर कई बार मारपीट भी हुई है। पुलिस ने दो नोटबुक बरामद की हैं, जिसमें पास किए ट्रक की जानकारी हैं। दलाल गाड़ियों की संख्या गिनकर उसके हिसाब से पैसा थानाध्यक्ष नरही को देते थे।


Spread the love
  • Related Posts

    UP- लोहिया अस्पताल में मरीज की मौत पर बवाल, परिजनों ने तोड़फोड़-मारपीट की

    Spread the love

    Spread the loveडॉ राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में मंगलवार सुबह सात बजे के करीब मरीज की मौत पर हंगामा और बवाल हुआ। 45 वर्षीय पुरुष को निमोनिया की शिकायत…


    Spread the love

    भाजपा नेता की हत्या- मॉर्निंग वॉक पर निकले थे राजकुमार, हमलावरों ने चाकू से 50 से 60 वारकर गोद डाला

    Spread the love

    Spread the loveगोरखपुर के चिलुआताल थाना इलाके के बरगदवा में मंगलवार की सुबह एक भाजपा नेता की निर्मम हत्या ने क्षेत्र में सनसनी फैला दी है। मॉर्निंग वॉक पर निकले…


    Spread the love

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *