सऊदी अरब के नेतृत्व वाले गठबंधन ने मंगलवार को यमन में हूती विद्रोहियों के कब्जे वाली राजधानी सना पर हवाई हमले किए। हूती विद्रोहियों के नियंत्रण वाले प्रसारक अल-मसीरा ने यह जानकारी दी। आशंका है कि इन हमलों के बाद पश्चिम एशिया में जारी तनाव और बढ़ सकता है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि सना के पश्चिम में स्थित अल-सुहाबा ईंधन केंद्र पर हमले हुए। इसके कुछ घंटे बाद शहर में जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं।
अहम समुद्री मार्ग पर नियंत्रण को लेकर हुई लड़ाई
सऊदी अरब भी यह पता लगाने की कोशिश कर रहा है कि हूती विद्रोहियों की ओर से दागी गई मिसाइलों और ड्रोन के बड़े हमले को रोकने में उसकी हवाई रक्षा प्रणाली क्यों नाकाम रही। इनमें शनिवार को रियाद के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुआ हमला भी शामिल है, जिसमें कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई और 300 से अधिक लोग घायल हुए।
सऊदी अरब और हूती विद्रोहियों के बीच ताजा संघर्ष पिछले महीने शुरू हुआ था, जब विद्रोहियों ने बाब अल-मंदेब जलडमरूमध्य के आसपास के महत्वपूर्ण इलाकों पर कब्जा कर लिया। लाल सागर के दक्षिणी छोर पर यमन के तट के पास स्थित यह समुद्री मार्ग खाड़ी क्षेत्र के तेल और अन्य सामानों की आवाजाही के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। यमन की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त सरकार के समर्थन में सऊदी नेतृत्व वाला गठबंधन इन इलाकों पर दोबारा कब्जा करने की कोशिश कर रहा है। बाब अल-मंदेब फारस की खाड़ी से तेल की आवाजाही के लिए भी महत्वपूर्ण मार्ग है।
यमन के प्रमुख शहरों पर कब्जे के लिए संघर्ष जारी
- यमन के गृह मंत्रालय ने मंगलवार को सोशल मीडिया मंच एक्स पर जारी बयान में कहा कि देश के दक्षिण-पश्चिम में स्थित प्रमुख शहर ताइज पर पिछले 24 घंटों के दौरान हूती विद्रोहियों के हमलों में छह लोगों की मौत हो गई और 18 अन्य घायल हुए। क्षेत्र में लड़ाई जारी है।
- सऊदी समर्थित बलों के एक कमांडर ने कहा कि विद्रोहियों ने कड़े प्रतिरोध के बावजूद आगे बढ़ते हुए ताइज के बाहरी इलाकों तक पहुंच बना ली और उनमें से कुछ शहर में भी दाखिल हो गए। उन्होंने कहा कि लंबे समय से महत्वपूर्ण लक्ष्य रहे ताइज पर नियंत्रण की लड़ाई अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच गई है। कमांडर ने कहा कि विद्रोही बलों की संख्या उनकी अपेक्षा से काफी अधिक है और उनके पास कम तथा मध्यम दूरी तक मार करने वाली बैलिस्टिक मिसाइलें भी हैं।
- हालांकि, उन्होंने कहा कि सबसे भीषण लड़ाई कहबूब पहाड़ियों पर नियंत्रण को लेकर हो रही है। इन पहाड़ियों से बाब अल-मंदेब और अदन पर नजर रखी जा सकती है। अदन अंतरराष्ट्रीय समर्थन प्राप्त यमनी सरकार का मुख्यालय है। कमांडर ने बताया कि उनके बलों ने अतिरिक्त सैनिक भेजने की मांग की है।
- इससे पहले मंगलवार को हूतियों ने सऊदी अरब के हवाई क्षेत्र का इस्तेमाल नहीं करने की चेतावनी दोहराई। हूती नियंत्रण वाले मीडिया ने यह जानकारी दी। हूती हमलों के कारण कई विमानन कंपनियों ने सऊदी अरब के लिए अपनी उड़ानें निलंबित कर दी हैं।







