बांग्लादेश में प्रभु श्रीराम की 81 फीट ऊंची मूर्ति बनवा रहा युवक गिरफ्तार, ये आरोप लगा

बांग्लादेश में प्रभु श्रीराम की 81 फीट ऊंची मूर्ति का निर्माण करवा रहे हरि दास तारोनी को पुलिस ने धन शोधन के आरोपों में गिरफ्तार कर लिया। हरि दास की गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है जब कट्टरपंथियों द्वारा प्रभु श्रीराम की तस्वीर को अपमानित करने के विरोध में अल्पसंख्यक समुदाय देशव्यापी प्रदर्शन कर रहा है। बांग्लादेश हिंदू-बौद्ध-ईसाई एकता परिषद के महासचिव मनिंद्र कुमार नाथ ने हरि दास तारोनी की गिरफ्तारी की पुष्टि की। उन्होंने खास कहा, मैंने अभी गाइबांधा के पुलिस अधीक्षक से फोन पर बात की। उन्होंने बताया कि हरि दास को धन शोधन के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। बांग्लादेश सीआईडी ने हरि दास को ढाका के उत्तरा इलाके से गिरफ्तार किया है। इससे पहले भारत ने 23 जून को बांग्लादेश से कट्टरपंथी इस्लामी संगठनों के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई शुरू करने और अल्पसंख्यक समुदायों की पूरी सुरक्षा सुनिश्चित करने का पुरजोर आग्रह किया था।

 

 

कट्टरपंथियों के दबाव में सरकार ने रुकवाया मूर्ति का निर्माण  
बांग्लादेश की सरकार ने कट्टरपंथियों के दबाव में गाइबांधा जिले के पलाशबाड़ी उपजिला में श्रीश्री राधा गोविंद और काली मंदिर में हो रहे भगवान श्रीराम की दुनिया की सबसे बड़ी मूर्ति के निर्माण को रुकवा दिया है। काले पत्थर से बनाई जा रही इस विशाल मूर्ति की अनुमानित लागत 17 करोड़ भारतीय रुपये है। रामचंद्रपुर गांव में स्थित इस धार्मिक परिसर में कुल 144 देवी-देवताओं की भव्य प्रतिमाएं स्थापित करने की योजना है।
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