पश्चिम बंगाल सरकार ने मंगलवार को मंत्रियों के विभागों का औपचारिक बंटवारा करते हुए नई अधिसूचना जारी की। राज्यपाल की ओर से जारी आदेश के अनुसार मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी को गृह एवं पर्वतीय मामले, भूमि एवं भूमि सुधार, शरणार्थी राहत एवं पुनर्वास, बिजली, सूचना एवं संस्कृति तथा कार्मिक एवं प्रशासनिक सुधार जैसे महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा जिन विभागों का आवंटन अन्य मंत्रियों को नहीं किया गया है, वे भी मुख्यमंत्री के पास रहेंगे। 1 जून को हुए मंत्रिमंडल विस्तार में कुल 35 नए मंत्रियों को शपथ दिलाई गई थी। इसके बाद पश्चिम बंगाल मंत्रिपरिषद की कुल संख्या 41 हो गई है।
निशीथ प्रामाणिक संभालेंगे ये विभाग
कैबिनेट मंत्रियों में निशीथ प्रामाणिक को उत्तर बंगाल विकास और जल संसाधन जांच एवं विकास विभाग, अशोक किरतानिया को खाद्य एवं आपूर्ति तथा सहकारिता विभाग, दिलीप घोष को पंचायत एवं ग्रामीण विकास तथा कृषि विपणन विभाग दिया गया है। वहीं खुदीराम टुडू को आदिवासी विकास, अल्पसंख्यक मामले और मदरसा शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी मिली है। अग्निमित्रा पाल को शहरी विकास एवं नगर मामलों का विभाग सौंपा गया है।
किस कौन सा विभाग मिला?
राज्य सरकार ने दीपक बर्मन को स्कूल शिक्षा, आवास तथा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग दिया है, जबकि तापस रॉय को उद्योग, वाणिज्य एवं उद्यम, सार्वजनिक उपक्रम एवं औद्योगिक पुनर्निर्माण तथा गैर-पारंपरिक एवं नवीकरणीय ऊर्जा विभागों की जिम्मेदारी मिली है। शंकर घोष को पर्यटन और संसदीय कार्य विभाग का प्रभार दिया गया है। मनोज कुमार उरांव वन एवं पर्यावरण विभाग संभालेंगे, जबकि अर्जुन सिंह को श्रम एवं परिवहन विभाग दिया गया है। कैबिनेट में शामिल अन्य मंत्रियों में जगन्नाथ चट्टोपाध्याय को उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा, प्रशिक्षण एवं कौशल विकास विभाग, स्वपन दासगुप्ता को वित्त विभाग, कल्याण चक्रवर्ती को सूचना प्रौद्योगिकी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, जैव प्रौद्योगिकी तथा खाद्य प्रसंस्करण एवं बागवानी विभाग दिया गया है। शरदवत मुखर्जी स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग संभालेंगे, जबकि अरूप कुमार दास को सिंचाई एवं जलमार्ग विभाग और अजय कुमार पोद्दार को लोक स्वास्थ्य अभियांत्रिकी तथा लोक निर्माण विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। दूध कुमार मंडल को कृषि विभाग का प्रभार मिला है।
| मंत्री | विभाग |
|---|---|
| स्वपन दासगुप्ता | वित्त |
| तपस रॉय | उद्योग |
| डॉ. शरद्वत मुखर्जी | स्वास्थ्य |
| जगन्नाथ चट्टोपाध्याय | उच्च शिक्षा |
| दूध कुमार मंडल | कृषि |
| दीपक बर्मन | स्कूल शिक्षा |
| शंकर घोष | पर्यटन एवं संसदीय कार्य |
| अर्जुन सिंह | श्रम एवं परिवहन |
| इंद्रनील खान | खेल एवं युवा कल्याण, उपभोक्ता मामले |
| मालती रावा रॉय | महिला एवं बाल विकास |
| कल्याण चक्रवर्ती | आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी खाद्य प्रसंस्करण एवं बागवानी |
| मनोज कुमार उरांव | वन विभाग |
| गौरी शंकर घोष | पिछड़ा वर्ग कल्याण |
| अरूप कुमार दास | सिंचाई एवं जलमार्ग |
| अजय पोद्दार | जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी |
| राजेश महाता | पशु संसाधन विकास एवं मत्स्य पालन |
| दिलीप घोष | पंचायती राज एवं ग्रामीण विकास, कृषि विपणन |
| अग्निमित्रा पॉल | शहरी विकास एवं नगर निकाय |
| निशीथ प्रमाणिक | उत्तर बंगाल विकास, जल संसाधन जांच एवं विकास |
| अशोक किर्तनिया | खाद्य एवं सहकारिता |
| खुदीराम टुडू | जनजातीय विकास, अल्पसंख्यक मामले एवं मदरसा शिक्षा |
स्वतंत्र प्रभार वाले राज्य मंत्रियों में किसे क्या मिला?
स्वतंत्र प्रभार वाले राज्य मंत्रियों में मालती रावा रॉय को महिला एवं बाल विकास, समाज कल्याण, स्वयं सहायता समूह एवं स्वरोजगार तथा कार्यक्रम निगरानी विभाग दिए गए हैं। राजेश महाता पशु संसाधन विकास एवं मत्स्य विभाग संभालेंगे, जबकि इंद्राणी खान को युवा कल्याण एवं खेल तथा उपभोक्ता मामले विभाग की जिम्मेदारी मिली है। इसके अलावा कई राज्य मंत्रियों को भी कई विभागों में जिम्मेदारियां दी गई हैं। इनमें जॉयेल मुर्मू, हरे कृष्ण बेरा, आनंदमय बर्मन, अशोक डिंडा, नादियार चंद बौरी, बिशाल लामा, संतानु प्रमाणिक, मौमिता बिस्वास मिश्रा, उमेश राय, पूर्णिमा चक्रवर्ती, कौशिक चौधरी, भास्कर भट्टाचार्य, दिबाकर घरामी, अमिया किस्कू, कल्पिता माझी, गार्गी दास घोष, बिराज बिस्वास, दिपंकर जना और सुमना सरकार शामिल हैं, जिन्हें कई विभागों में राज्य मंत्री के रूप में जिम्मेदारी सौंपी गई है। सरकार की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार यह नया विभागीय आवंटन तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है।







